सावंत सरकार के मंत्री ने खारिज किया शाह का बयान
इस बीच, गोवा सरकार के मंत्री नीलेश काबराल ने महादयी नदी के पानी पर केंद्रीय गृहमंत्री शाह के बयान का खंडन किया है। काबराल ने पत्रकारों से बातचीत में कहा, हमारे मुख्यमंत्री ने महादयी नदी के पानी को मोड़ने पर कोई सहमति नहीं दी है। मुझे पता है कि वह (सावंत) कभी नहीं करेंगे। मुझे नहीं पता कि केंद्रीय गृहमंत्री किस बारे में बात कर रहे थे। उन्होंने कहा कि राज्य का एक प्रतिनिधिमंडल शाह से अगली बार मिलने पर इस बयान के बारे में पूछेगा।
यह पूछे जाने पर कि क्या वह शाह के बयान की निंदा करते हैं, काबराल ने कहा, निश्चित तौर पर मैं बयान की निंदा करता हूं। हम बेसिन के भीतर पानी के इस्तेमाल के खिलाफ नहीं हैं, लेकिन हम कभी पानी को बाहर नहीं जाने देंगे। उन्होंने आगे कहा, अगर (भाजपा) केंद्रीय नेतृत्व महादयी मुद्दे पर गोवा का समर्थन नहीं करता है, तो राज्य डायवर्जन को रोकने के लिए कानूनी सहारा ले सकता है। लोक निर्माण विभाग मंत्री ने कहा कि महादयी नदी पर अंतर-राज्यीय जल विवाद न्यायाधिकरण द्वारा दिया गया फैसला पीने के पानी के उद्देश्य से दिया गया था।
उन्होंने कहा, 'मुझे नहीं पता कि यह बयान (शाह का) कहां से आता है जो सिंचाई के उद्देश्य से पानी का इस्तेमाल करने की बात करता है। काबराल ने कहा कि गोवा का प्रतिनिधिमंडल कुछ सप्ताह पहले शाह से मिलने गया था क्योंकि संविधान के अनुसार दो राज्यों के बीच विवादों को हल करने का अधिकार केंद्रीय गृह मंत्री के पास है।