कट्टरपंथी प्रचारक जाकिर नाइक के खिलाफ दर्ज देशद्रोह के मुकदमे की फाइल फिर खुलेगी। झांसी की अदालत में वर्ष 2011 में दर्ज किए गए इस मुकदमे में इलाहाबाद हाईकोर्ट ने स्टे दे रखा है।
नाइक की याचिका का विरोध कर रहे मुद्दसर इलियास खां ने हाईकोर्ट में अर्जी दाखिल कर कहा है कि ढाका कांड के बाद उनके पास नाईक के खिलाफ पर्याप्त साक्ष्य हैं। लिहाजा पांच साल पहले दर्ज हुई इस याचिका पर सुनवाई की जाए। मामला सोमवार को न्यायमूर्ति विजय लक्ष्मी की अदालत में पेश हुआ।
कोर्ट ने इसे सुनवाई के लिए 28 जुलाई को प्रस्तुत करने का निर्देश दिया है। इस दौरान याची को अपने साक्ष्य हलफनामे के साथ कोर्ट में दाखिल करने की इजाजत दी है।