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Odisha BMC Row: नगर निगम अफसर पर चले लात-घूंसे, BJP पार्षद समेत तीन गिरफ्तार; दफ्तर से घसीटने का वीडियो वायरल

Tue, 01 Jul 2025 10:45 AM IST
बशु जैन न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भुवनेश्वर।

सार

बीएमसी के अतिरिक्त आयुक्त रत्नाकर साहू सोमवार को अपने कार्यालय में जन सुनवाई कर रहे थे। इस दौरान कुछ लोग उनके चैंबर में घुस आए और उनका कॉलर पकड़ लिया। आरोपियों ने एक भाजपा नेता जग भाई से गलत व्यवहार करने का आरोप लगाया और अधिकारी को घसीटकर ले जाने लगे और अपनी कार में ले जाने की कोशिश की। इस मामले में भाजपा पार्षद समेत तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
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अधिकारी को घसीटते आरोपी। - फोटो : एक्स/@Naveen_Odisha/वीडियो ग्रैब
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विस्तार
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भुवनेश्वर नगर निगम (बीएमसी) में सोमवार को एक वरिष्ठ अधिकारी पर भाजपा पार्षद और उसके साथियों ने हमला कर दिया। आरोपी बीएमसी के अतिरिक्त आयुक्त रत्नाकर साहू को कार्यालय से घसीटकर बाहर ले गए और मारपीट की गई। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। इसमें कुछ लोग अधिकारी को घसीटकर बाहर ले जा रहे हैं और उनसे मारपीट कर रहे हैं। एक आरोपी तो अधिकारी के चेहरे पर लात मार रहा है। घटना के बाद पूर्व सीएम नवीन पटनायक और मेयर ने भाजपा को घेरा है।   दबंगई करने आए उपद्रवी, चैंबर में घुसकर कॉलर पकड़ लिया
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बीएमसी के अतिरिक्त आयुक्त रत्नाकर साहू सोमवार को अपने कार्यालय में जन सुनवाई कर रहे थे। इस दौरान कुछ लोग उनके चैंबर में घुस आए और उनका कॉलर पकड़ लिया। आरोपियों ने एक भाजपा नेता जग भाई से गलत व्यवहार करने का आरोप लगाया और अधिकारी को घसीटकर ले जाने लगे और अपनी कार में ले जाने की कोशिश की।

कार्यालय से बाहर खींचकर पिटाई की, वीडियो वायरल
अधिकारी साहू ने बताया कि सुबह 11:30 बजे जनसुनवाई के दौरान पार्षद जीवन राउत समेत पांच लोग मेरे कार्यालय में घुस आए और कहने लगे तुमने जग भाई के साथ गलत व्यवहार किया। जब मैंने इससे इनकार कर दिया तो आरोपियों ने मेरे साथ अभद्रता और हाथापाई की। उन्होंने मुझे मेरे कार्यालय से बाहर खींचा और पिटाई की। इसका वीडियो वायरल हो रहा है।
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भाजपा पार्षद समेत तीन लोग गिरफ्तार
मामले में एफआईआर दर्ज करने के बाद पुलिस ने  तीन लोगों आरोपी जीवन राउत, रश्मि महापात्रा और देबाशीष प्रधान को गिरफ्तार किया है। हमले के बीजद के पार्षदों और बीएमसी के कर्मचारियों ने विरोध प्रदर्शन किया और जनपथ रोड पर जाम लगा दिया। 

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नवीन पटनायक - फोटो : एएनआई (फाइल)
नवीन पटनायक ने बोला हमला
बीजू जनता दल (बीजद) के प्रमुख और पूर्व सीएम नवीन पटनायक ने कहा कि वीडियो को देखकर पूरी तरह से स्तब्ध हूं। रत्नाकर साहू, अतिरिक्त आयुक्त, बीएमसी एक अतिरिक्त सचिव रैंक के वरिष्ठ अधिकारी हैं, को उनके कार्यालय से घसीटा गया और एक भाजपा पार्षद के सामने बेरहमी से लात-घूंसों से पीटा गया, जो कथित तौर पर एक पराजित भाजपा विधायक उम्मीदवार से जुड़े थे।  पूर्व मुख्यमंत्री ने कानून व्यवस्था पर भी सवाल उठाए
उन्होंने एक्स पर लिखा कि इससे भी अधिक भयावह यह है कि यह दिनदहाड़े राजधानी के बीचों-बीच एक वरिष्ठ अधिकारी के साथ यह घटना हुई। अगर एक वरिष्ठ अधिकारी अपने ही कार्यालय में सुरक्षित नहीं है, तो आम नागरिक सरकार से किस तरह की कानून-व्यवस्था की उम्मीद कर सकते हैं? मामले में सीएम मोहन चरण माझी को तत्काल और अनुकरणीय कार्रवाई करनी चाहिए। 

मेयर ने यह कहा
बीएमसी की मेयर सुलोचना दास ने कहा कि कल जो हुआ वह नहीं होना चाहिए था। यह वास्तव में दुर्भाग्यपूर्ण था। वह अधिकारी शिकायत प्रकोष्ठ का प्रभारी थे और सैकड़ों लोग अपनी शिकायतें सुनाने के लिए उनसे मिलने का इंतजार कर रहे थे। 5-6 लोग भाजपा पार्षद के साथ आए और रत्नाकर साहू से बात की, जिसके बाद उन्होंने उसे घसीटा और उसके साथ मारपीट की। यह शहर में अराजकता को दर्शाता है। यहां कोई भी सुरक्षित नहीं है। उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जानी चाहिए। मैं तीन लोगों को गिरफ्तार करने के लिए पुलिस की शुक्रगुजार हूं। हम मांग करते हैं कि इसमें शामिल सभी लोगों को गिरफ्तार किया जाना चाहिए। हम लोगों की सेवा कैसे करेंगे? हम अपने ही कार्यस्थल पर असुरक्षित महसूस कर रहे हैं। 

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सरकार को तुरंत कार्रवाई करनी चाहिए, दोषियों को मिले दंड
बीजद विधायक प्रसन्ना आचार्य ने कहा कि कल की घटना की निंदा करने के लिए मेरे पास शब्द नहीं हैं। यह अक्षम्य है। यह राजधानी में ही कैसे हो सकता है? अगर राजधानी में ही एक सरकारी कार्यालय में ऐसा हो सकता है, तो आप कल्पना कर सकते हैं कि राज्य के अन्य हिस्सों में क्या हो रहा होगा। इस घटना ने न केवल सरकारी अधिकारियों के बीच बल्कि आम लोगों के बीच भी तीखी प्रतिक्रिया पैदा की है और यह प्रतिक्रिया पूरे देश में है। सरकार को तुरंत कार्रवाई करनी चाहिए। सभी दोषियों को तुरंत दंडित किया जाना चाहिए और उन पर मामला दर्ज किया जाना चाहिए। सरकार को सरकारी अधिकारियों के काम करने के लिए एक सुसंगत स्थिति बनानी चाहिए। 

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सीएम के आश्वासन के बाद ओडिशा प्रशासनिक संघ ने वापस लिया सामूहिक अवकाश पर जाने का फैसला
वरिष्ठ अधिकारी से मारपीट के मामले में सीएम मोहन चरण माझी से कार्रवाई का आश्वासन मिलने के बाद ओडिशा प्रशासनिक सेवा संघ ने सामूहिक अवकाश विरोध प्रदर्शन स्थगित करने का फैसला किया। ओएएस एसोसिएशन के अध्यक्ष ज्योति रंजन मिश्रा ने कहा कि मुख्यमंत्री ने एसोसिएशन को आश्वासन दिया है कि अपराधी और पर्दे के पीछे के अपराधी, चाहे वे कितने भी शक्तिशाली क्यों न हों, उन्हें कानून के कड़े प्रावधानों के अनुसार सख्त सजा दी जाएगी। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री की अपील का सम्मान करते हुए एक जुलाई से होने वाले सामूहिक अवकाश को स्थगित किय जा रहा है। राज्य सरकार ने सोमवार रात ओएएस एसोसिएशन के प्रतिनिधियों के साथ दो बैठकें कीं।

उन्होंने कहा कि पहली बैठक मुख्य सचिव मनोज आहूजा के साथ डीजीपी वाईबी खुरानिया की उपस्थिति में हुई। बाद में, मुख्य सचिव, डीजीपी, पुलिस आयुक्त और महाधिवक्ता की उपस्थिति में मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में बैठक का एक और दौर आयोजित किया गया। भुवनेश्वर में सफाई कर्मचारियों ने अपनी सेवाएं बंद कर दी हैं। कर्मचारियों ने घटना के सभी आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की है।
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