अब डिजिलॉकर के जरिये भी हेल्थ रिकार्ड सुरक्षित रख सकेंगे। आयुष्मान भारत स्वास्थ्य खाता (एबीएचए) से सीधे उपयोगकर्ता जुड़ सकते हैं। इससे इंटरनेट आधारित क्लाउड पर दस्तावेज उपलब्ध होंगे, जिनका इस्तेमाल किसी भी अस्पताल में जाकर कर सकते हैं। इससे मरीजों को उपचार में आसानी मिलेगी।
बृहस्पतिवार को केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय के तहत एक प्रामाणिक दस्तावेज विनिमय मंच के रूप में डिजिलॉकर लंबे समय से उपलब्ध है। अब यहां स्वास्थ्य रिकॉर्ड जैसे टीकाकरण सर्टिफिकेट, डॉक्टर के प्रिस्क्रिप्शन, प्रयोगशाला रिपोर्ट, अस्पताल से छुट्टी के सारांश जैसे रिकॉर्ड रखने और इसे प्राप्त करने के लिए एक स्वास्थ्य लॉकर के रूप में किया जा सकता है।
विश्वसनीय है एप
राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण (एनएचए) के सीईओ डॉ. आर. एस. शर्मा ने कहा, डिजिलॉकर न सिर्फ प्रामाणिक दस्तावेज को रखने, बल्कि इसे प्राप्त करने के लिए एक विश्वसनीय और लोकप्रिय एप है।
यह है लक्ष्य
डिजिटल इंडिया कारपोरेशन के एमडी व सीईओ अभिषेक सिंह ने कहा, हमें 130 करोड़ पंजीकृत उपयोगकर्ताओं तक एबीडीएम के लाभों का विस्तार करने पर गर्व है। इस मंच ने पहले ही 85 हजार एबीएचए संख्या को प्राप्त करने में सहायता की है। डिजिलॉकर का लक्ष्य एबीएचए उपयोगकर्ताओं के लिए इसे पसंदीदा स्वास्थ्य लॉकर बनना है।