वर्ष 2015 के निकाय चुनाव में जबर्दस्त प्रदर्शन करने के बूते गुजरात में मुसलिम बिरादरी को इस बार के विधानसभा चुनाव में टिकट मिलने की उम्मीद बंधी थी।
इस बिरादारी से जुड़े पार्टी कार्यकर्ताओं ने अल्पसंख्यक बहुल करीब एक दर्जन सीटों पर टिकट का आवेदन भी दिया था। मगर इस चुनाव में भी इस समुदाय को भाजपा से टिकट मिलने की संभावना करीब करीब खत्म हो गई है।
दरअसल पार्टी मुस्लिम बिरादरी के दावे वाली ज्यादातर सीटों पर उम्मीदवार घोषित कर चुकी है। इस बिरादरी की बची खुची उम्मीदें अब बाकी बची उन 34 सीटों पर है, जिस पर भाजपा ने अभी उम्मीदवार खड़ा नहीं किया है।
पार्टी सूत्रों के मुताबिक शुरुआती दौर में मुसलिम बहुल छह सीटों पर उम्मीदवारों के पैनल में इस बिरादरी के नेताओं को शामिल किया गया था। इनमें से भुज, जमापुर, वागरा सहित कुछ अन्य सीटों पर उम्मीदवार घोषित हो चुके हैं।
अभी अब्दासा और वेजलपुर की सीटें हैं जहां के पैनल में अल्पसंख्यक बिरादरी के नेता हैं। मगर इन्हें टिकट मिलने की उम्मीद कम ही है। गौरतलब है कि वर्ष 1980 में पार्टी की स्थापना के बाद से भाजपा ने महज 1998 के विधानसभा चुनाव में इस बिरादरी के एक व्यक्ति को टिकट दिया था। हालांकि संबंधित मुस्लिम प्रत्याशी जीत हासिल नहीं कर पाए थे।