सपा से निकाले गए प्रो रामगोपाल यादव से भाजपा ने किसी भी तरह के संपर्क से इंकार किया है। पार्टी के राष्ट्रीय सचिव सिद्घार्थ नाथ सिंह ने कहा कि सपा का कोई भी नेता हमारे संपर्क में नहीं है। पार्टी में विवाद का ठीकरा फोड़ने के लिए इस तरह की बात कही जा रही है।
बता दें कि कि सपा के वरिष्ठ नेता शिवपाल यादव ने रामगोपाल पर भाजपा से मिल कर साजिश करने का आरोप लगाया था। उन्होंने कहा था कि सीबीआई जांच से बचने के लिए रामगोपाल भाजपा से मिल गए हैं। सिंह ने कहा कि सपा में जारी महाभारत उसका आंतरिक मामला है। भाजपा का न तो इसमें कोई योगदान है और न ही सपा का कोई नेता हमारे संपर्क में है। सपा प्रमुख विवाद का हल नहीं निकाल पा रहे। ऐसे में ठीकरा फोड़ने के लिए इस विवाद से भाजपा को जोड़ने की कोशिश की जा रही है।
उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में सुशासन, विकास और सपा-बसपा सरकार का भ्रष्टाचार पार्टी का मुख्य मुद्दा होगा। सूबे की जनता ने दोनों के शासनकाल के दौरान भ्रष्टाचार, गुंडागर्दी झेली है। सत्ता में आने पर भाजपा बसपा कार्यकाल में हुए एनएचआरएम घोटाले की जांच करा कर दोषियों को जेल भेजेगी।