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कर्नाटक: अचानक कार्यक्रम में क्यों भावुक हुईं निर्मला सीतारमण? वित्त मंत्री के छलके आंसू, देखें वीडियो

Wed, 16 Sep 2026 10:52 PM IST
शिवम गर्ग एएनआई, बंगलूरू

सार

बंगलूरू में एक कार्यक्रम के दौरान केंद्रीय मंत्री निर्मला सीतारमण अचानक भावुक हो गईं और उनकी आंखों से आंसू छलक पड़े। आखिर ऐसा क्या हुआ कि वह खुद को रोक नहीं पाईं? 
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भावुक हुईं निर्मला सीतारमण - फोटो : Amar Ujala Graphics
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विस्तार
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केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण बुधवार को बंगलूरू में महान कर्नाटक शास्त्रीय गायिका एमएस सुब्बुलक्ष्मी की 110वीं जयंती के मौके पर आयोजित कार्यक्रम में भावुक हो गईं। कार्यक्रम के दौरान सुब्बुलक्ष्मी का गीत सुनते हुए सीतारमण की आंखों से आंसू छलक पड़े।

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गीत सुनकर भावुक हुईं निर्मला सीतारमण
कार्यक्रम में एमएस सुब्बुलक्ष्मी का गीत बजाया गया। इसे सुनते हुए निर्मला सीतारमण भावुक हो गईं और उनकी आंखों में आंसू आ गए। कार्यक्रम का आयोजन सुब्बुलक्ष्मी की संगीत विरासत को याद करने और उनकी 110वीं जयंती मनाने के लिए किया गया था। यह कार्यक्रम बंगलूरू के चौडैया मेमोरियल हॉल में आयोजित किया गया। इसमें सुब्बुलक्ष्मी की परपोती एस. ऐश्वर्या और एस. सौंदर्या ने भी उनकी संगीत विरासत को आगे बढ़ाते हुए प्रस्तुति दी।

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भक्ति संगीत को बताया कर्नाटक संगीत की आत्मा
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए निर्मला सीतारमण ने भक्ति को कर्नाटक संगीत की ‘जीवंत आत्मा’ बताया। उन्होंने कहा कि अलग-अलग भाषाओं और आध्यात्मिक परंपराओं ने इस शास्त्रीय संगीत को समृद्ध किया है। उन्होंने एमएस सुब्बुलक्ष्मी की आवाज और उनकी गायकी की गहराई को भी याद किया। सुब्बुलक्ष्मी की आवाज में गाए गए भक्ति गीत आज भी दक्षिण भारत के कई मंदिरों में सुनाई देते हैं।

110वीं जयंती पर संगीत कार्यक्रम
एमएस सुब्बुलक्ष्मी की 110वीं जयंती के अवसर पर बंगलूरू में विशेष संगीत कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें उनकी परपोती एस. ऐश्वर्या और एस. सौंदर्या ने उनकी प्रसिद्ध रचनाओं और संगीत परंपरा को प्रस्तुत किया। दोनों कलाकार उनकी संगीत विरासत को आगे बढ़ा रही हैं। एमएस सुब्बुलक्ष्मी भारतीय शास्त्रीय संगीत की महान हस्तियों में गिनी जाती हैं। उनकी गायकी ने कर्नाटक संगीत को देश के साथ-साथ दुनिया भर में पहचान दिलाई। उनकी 110वीं जयंती पर उनकी संगीत यात्रा और विरासत को याद किया जा रहा है।

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