- अक्षय ठाकुर : बिहार का रहने वाला। उम्र 32 साल। शादीशुदा। एक बेटे का पिता
- मुकेश सिंह : राजस्थान का रहने वाला। उम्र 24 साल। मुख्य अभियुक्त रामसिंह का भाई।
- विनय शर्मा : उम्र 24 साल। जिम सहायक। रविदास झुग्गी बस्ती का निवासी। चारो में थोड़ा पढ़ा लिखा।
- पवन गुप्ता : उम्र 23 साल। फल विक्रेता। विनय शर्मा का दोस्त
- (मुख्य अभियुक्त रामसिंह ने तिहाड़ में आत्महत्या कर ली थी।)
बस नंबर 0149 देख आज भी आता है गुस्सा
दुष्कर्म कांड में इस्तेमाल की गई यादव ट्रैवल्स की बस नंबर 0149 को देखकर लोग आज भी गुस्से से भर जाते हैं। निर्भया केस के जांच अधिकारी अनिल शर्मा समेत अन्य पुलिसकर्मियों का कहना है कि बस को देखते हैं तो शरीर में आग लग जाती है। इस बस को सागरपुर स्थित पिट में छिपाकर रखा हुआ है। वारदात के दो साल तक इस वर्ष को त्यागराज स्टेडियम व वसंत विहार में कई जगहों पर छिपाकर रखा गया था।
स्कूल में लगी हुई थी बस
एसआईटी के सदस्य रहे और इस समय एसीपी द्वारका राजेन्द्र सिंह ने बताया कि बस का मालिक दिनेश यादव है। बस सुबह व शाम के समय दिल्ली से नोएडा सवारी लेकर जाती थी। इसके अलावा बस बिड़ला विद्या निकेतन स्कूल में लगी हुई थी।
पौन घंटे तक हुई थी निर्भया से दरिंदगी
आरोपी करीब पौन घंटे तक छात्रा के साथ दरिंदगी करते रहे। आरोपियाें ने छात्रा के दोस्त के सिर पर रॉड मार दी, इससे वह अचेत हो गया। आरोपी बस को एनएच-8 पर घुमाते रहे थे और ये बस को महिपालपुर की तरफ दो बार ले गए थे। दरिंदों ने दोनों को बस से नीचे फेंकने के बाद कुचलने की भी कोशिश की थी।
उधर सीमा विवाद में उलझी रही पुलिस
निर्भया मामले में एफआईआर दर्ज करने को लेकर मामला तीन थानों के सीमा विवाद में उलझ गया था। इस कारण एफआईआर डेढ़ से दो घंटे लेट से दर्ज हुई थी। वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के हस्तक्षेप के बाद वसंत विहार थाने में मामला दर्ज हुआ। एनएच-8 पर जिस जगह पर निर्भया व उसका दोस्त पड़ा मिला था।
वह जगह दिल्ली कैंट थाना इलाके में है। जब 100 नंबर पर सूचना दी गई तो यह कॉल दिल्ली कैंट थाने को दी गई । बाद में इलाका वसंत कुंज (नार्थ) थाना इलाके का निकला।