कोलकाता में राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) की विशेष अदालत ने आज हबीबुर रहमान और फकीरुल सेख नाम के दो तस्करों को नकली भारतीय नोट मामले में 4 साल की कैद की सजा सुनाई है। एनआईए के एक प्रवक्ता ने कहा कि रहमान और शेख के पास से छह मार्च 2017 को क्रमश: दो लाख और एक लाख 90 हजार रुपये मूल्य की जाली भारतीय मुद्रा बरामद की गई थी। इसके बाद दोनों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया था। एनआईए ने इस मामले को फिर से दर्ज कर दोनों आरोपियों के खिलाफ आरोप-पत्र दायर किया था।
पश्चिम बंगाल के मालदा जिले के दोनों निवासी को भारतीय दंड संहिता की प्रासंगिक धाराओं के तहत दोषी ठहराया गया। जांच एजेंसी के अधिकारी ने कहा कि उन्होंने देश में जाली भारतीय मुद्रा प्राप्त कर उसके परिचालन की आपराधिक साजिश रची। उन्होंने कहा कि जाली नोट बांग्लादेश से तस्करी कर लाए गए थे और इन लोगों का इरादा उन्हें देश के विभिन्न हिस्सों में चलाने का था।