राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने फरार खालिस्तानी आतंकवादी गुरजीत सिंह निज्जर को दिल्ली एयरपोर्ट पर गिरफ्तार कर लिया। साइप्रस ने निज्जर को खालिस्तान समर्थित आतंकवाद को पुनर्जीवित करने की आपराधिक साजिश रचने के आरोप में प्रत्यर्पित किया था।
एजेंसी के प्रवक्ता ने बुधवार को बताया, एनआईए ने पिछले साल जनवरी में आरोपी हरपाल सिंह के खिलाफ आर्म्स एक्ट, महाराष्ट्र पुलिस एक्ट और गैरकानूनी गतिविधि निरोधक कानून के तहत मामला दर्ज किया था।
निज्जर, हरपाल और मोइन खान सोशल मीडिया पर सक्रिय थे और तीनों खालिस्तान के समर्थन में आपराधिक साजिश रच रहे थे। इसके तहत तीनों आतंकी जगतार सिंह हवारा, 1984 के ऑपरेशन ब्ल्यू स्टार के वीडियो और तस्वीरें सोशल मीडिया पर पोस्ट करते थे।
पंजाब के पूर्व सीएम बेअंत सिंह के हत्यारे जगतार की शान में कसीदे पढ़ते थे। साथ ही खालिस्तान के समर्थन, बब्बर खालसा इंटरनेशनल से संबंधित पोस्ट डालते थे। इनका मकसद अपनी विचारधारा वाले सिख युवाओं और अन्य लोगों को साथ में लाना था।
प्रवक्ता ने बताया, 2013 से 2016 तक तिहाड़ जेल में मोइन हवारा के संपर्क में आया। मोइन ने खालिस्तान जिंदाबाद खालिस्तान फेसबुक आईडी पर अपने अकाउंट से फ्रेंड रिक्वेस्ट भेजी। इस आईडी के जरिए मोइन हरपाल और निज्जर के संपर्क में आया। निज्जर ने मोइन को खालिस्तान के लिए काम करने के लिए तैयार किया और 2018 में पिस्तौल और गोलाबारूद खरीदने का निर्देश दिया।
पिछले साल मई में एनआईए ने विशेष कोर्ट में निज्जर, हरपाल, मोइन और सुंदरलाल पारासर के खिलाफ आरोपपत्र दाखिल किया। अमृतसर का निज्जर अक्तूबर 2017 में साइप्रस चला गया तो उसके खिलाफ लुकआउट सर्कुलर जारी हुआ। उसे मंगलवार को इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट से हिरासत में लिया गया और बाद में एनआईए ने गिरफ्तार कर लिया।