पश्चिम बंगाल समेत तीन राज्यों और एक केंद्रशासित प्रदेश में चुनावी बिगुल किसी भी वक्त बज सकता है। निर्वाचन आयोग 15 मार्च से पहले चुनाव कार्यक्रमों की घोषणा कर सकता है। सूत्रों के मुताबिक, बंगाल की 294 सीटों पर इस बार दो चरणों में मतदान कराए जाने की प्रबल संभावना है। आयोग का मानना है, कम चरणों से उपद्रवियों को एक क्षेत्र से दूसरे क्षेत्र में जाने का मौका नहीं मिलेगा, जिससे हिंसा पर लगाम लगेगी। राज्य सरकार ने पहली बार आयोग के निर्देश पर 152 सीटों पर वरिष्ठ एसडीएम स्तर के अधिकारियों को निर्वाचन अधिकारी नियुक्त किया है। साथ ही जिलाधिकारियों और पुलिस अधीक्षकों की भूमिका सीमित कर सुरक्षाबलों की तैनाती का पूरा जिम्मा केंद्रीय पुलिस पर्यवेक्षकों को सौंपा गया है। वरिष्ठ अधिकारियों की नियुक्ति से चुनाव प्रक्रिया सुचारू होगी। विपक्षी दलों की शिकायतों और सुरक्षा बलों के सुझावों के बाद आयोग ने यह मास्टरप्लान तैयार किया है।
बेटे की मौत का गम नहीं सह सके माता-पिता, केरल में दंपत्ति ने दी जान
केरल के कासरगोड जिले से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है। यहां पोइनाची इलाके में एक पति-पत्नी ने अपने घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। मृतकों की पहचान 50 साल के वेणुगोपालन और 39 साल की स्मिता के रूप में हुई है। शुक्रवार सुबह करीब 9:30 बजे एक रिश्तेदार ने उन्हें घर के हॉल की बालकनी वाली रेलिंग से लटका हुआ पाया। पुलिस को तलाशी के दौरान घर से एक सुसाइड नोट भी मिला है। पुलिस ने बताया कि इस जोड़े का 19 साल का बेटा पिछले साल दिसंबर में एक ट्रेन हादसे का शिकार हो गया था। बेटे की मौत के बाद से ही माता-पिता गहरे सदमे और डिप्रेशन में थे। सुसाइड नोट में भी उन्होंने अपनी मौत की वजह बेटे के जाने का दुख ही बताया है। मेलापरंबा पुलिस ने इस मामले में अप्राकृतिक मौत का केस दर्ज किया है। पुलिस ने घटना की जांच शुरू कर दी है। शवों का पोस्टमार्टम कराया जा रहा है। इसके बाद उन्हें अंतिम संस्कार के लिए रिश्तेदारों को सौंप दिया जाएगा। इस घटना से पूरे इलाके में शोक की लहर है।
महिला उद्यमिता योजना के तहत 29 लाख महिलाओं को मिली धनराशि: असम के मुख्यमंत्री
असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने कहा कि राज्य में लगभग 33.5 लाख महिलाओं को महिला उद्यमिता योजना का लाभ मिलेगा और लगभग 29 लाख लाभार्थियों को धनराशि वितरित की जा चुकी है। गुरुवार को यहां पत्रकारों से बात करते हुए सरमा ने कहा कि इस योजना के तहत धनराशि का वितरण सोनाई और पूर्वी गोलपारा निर्वाचन क्षेत्रों में भी किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा, "आज तक 29 लाख महिलाओं को महिला उद्यमिता योजना की धनराशि मिल चुकी है। आज यह धनराशि सोनाई और पूर्वी गोलपारा निर्वाचन क्षेत्रों में वितरित की जाएगी। कुल मिलाकर 33.50 लाख महिलाओं को इसका लाभ मिलेगा।" उन्होंने आगे बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शुक्रवार को असम का दौरा करेंगे और कोकराझार और गुवाहाटी में कार्यक्रमों में भाग लेंगे।
हैदराबाद के फर्नीचर गोदाम में लगी आग, दमकल की 8 गाड़ियों ने पाया काबू
तेलंगाना की राजधानी हैदराबाद के चंदानगर इलाके में स्थित फर्नीचर गोदाम में भीषण आग लग गई। आग रात करीब 11:30 बजे लगी, जिसके बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई। दमकल विभाग के अधिकारियों के अनुसार सूचना मिलते ही आठ फायर टेंडर मौके पर भेजे गए। दमकलकर्मियों ने काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया। अधिकारियों ने बताया कि इस घटना में किसी के हताहत होने की खबर नहीं है। फिलहाल आग लगने के कारणों और नुकसान का आकलन करने के लिए जांच शुरू कर दी गई है।
होर्मुज में फंसा मुंबई का मर्चेंट नेवी कैप्टन, 33 क्रू सदस्य भी जहाज पर
पश्चिम एशिया में जारी युद्ध के कारण दुनिया के सबसे व्यस्त ऊर्जा मार्गों में से एक हॉर्मुज जलडमरूमध्य में एक भारतीय मर्चेंट नेवी जहाज फंस गया है। इस जहाज की कमान मुंबई के रहने वाले कैप्टन वीरेंद्र विश्वकर्मा के हाथ में है। जहाज पर 33 क्रू सदस्य और करीब 36 लाख घरेलू एलपीजी सिलेंडर लदे हुए हैं। कैप्टन विश्वकर्मा की पत्नी निल्पा लगातार पति के संपर्क में हैं। अपने बच्चों निर्वी और वेदांश के साथ मुंबई पश्चिमी उपनगर के दहिसर में रह रही है। निल्पा ने बताया कि जहाज पर मौजूद सभी लोग सुरक्षित हैं, लेकिन युद्ध की स्थिति के कारण सभी बेहद तनाव में हैं। मेरे पति जिस मर्चेंट जहाज के कैप्टन हैं, उस पर 33 क्रू सदस्य और 36 लाख एलपीजी सिलेंडर हैं। वहां आसमान में मिसाइलें उड़ती दिखाई दे रही हैं। वीडियो कॉल के दौरान कैप्टन विश्वकर्मा ने परिवार को बताया कि समुद्र में रहते हुए वे मिसाइलों को दागे जाते और उन्हें बीच हवा में इंटरसेप्ट होते देख रहे हैं, जिससे जहाज पर मौजूद लोग बेहद चिंतित है। उन्होंने यह भी बताया कि जहाजों को सुरक्षित निकालने के लिए नौसेना के काफिले के साथ एस्कॉर्ट किए जाने की संभावना जताई गई है।
गोवा : पणजी निकाय चुनाव में भाजपा का परचम, 30 में से 27 सीटों पर जमाया कब्जा
गोवा विधानसभा चुनाव की आहट के बीच राजधानी पणजी के नगर निगम (सीसीपी) चुनावों में भाजपा समर्थित पैनल ने प्रचंड जीत दर्ज की है। मंत्री अतानासियो मोन्सेराते के नेतृत्व वाले पैनल ने 30 में से 27 सीटों पर कब्जा कर विपक्ष को पूरी तरह किनारे कर दिया। वहीं, पूर्व मुख्यमंत्री मनोहर पर्रिकर के बेटे उत्पल पर्रिकर की ओर से समर्थित पैनल केवल 3 सीटों पर सिमट गया। इस जीत को अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव का लिटमस टेस्ट माना जा रहा है। मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत और भाजपा खेमे में इस परिणाम से उत्साह है। मोन्सेराते ने जीत पर कहा कि हमने विकास के दम पर यह सफलता पाई है और आगे भी शहर की बेहतरी के लिए काम जारी रखेंगे। दूसरी ओर हार के बावजूद उत्पल पर्रिकर ने इसे जवाबदेही की लड़ाई बताई। उन्होंने कहा कि हमारा मकसद केवल जीत नहीं, बल्कि नागरिकों को एकजुट कर शहर के मुद्दों पर चर्चा शुरू करना था।
चुनाव से पहले ममता का बड़ा दांव, पांच समुदायों के लिए बनेंगे नए विकास बोर्ड
पश्चिम बंगाल में आगामी विधानसभा चुनाव से पहले मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने शुक्रवार को पांच समुदायों के लिए नए सांस्कृतिक और विकास बोर्ड बनाने की घोषणा की। राज्य सरकार का कहना है कि इन बोर्डों का उद्देश्य संबंधित समुदायों की सामाजिक-आर्थिक स्थिति को मजबूत करना और उनकी सांस्कृतिक पहचान को सुरक्षित रखना है। सरकार के अनुसार ये बोर्ड मुंडा (अनुसूचित जनजाति), कोरा (अनुसूचित जनजाति), डोम (अनुसूचित जाति), कुम्भकार (अन्य पिछड़ा वर्ग) और सदगोप (अन्य पिछड़ा वर्ग) समुदायों के लिए बनाए जाएंगे। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिये बताया कि इन बोर्डों के माध्यम से इन समुदायों की भाषा, संस्कृति और परंपराओं के संरक्षण के साथ शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार के अवसर बढ़ाने पर भी काम किया जाएगा। ममता बनर्जी ने यह भी कहा कि वर्ष 2013 से उनकी सरकार समाज के कमजोर और वंचित वर्गों के लिए कई सांस्कृतिक और विकास बोर्ड बना चुकी है और यह कदम उसी प्रयास का हिस्सा है। घोषित समुदायों में मुंडा और कोरा अनुसूचित जनजाति वर्ग से आते हैं, जबकि डोम समुदाय अनुसूचित जाति में शामिल है।
फारूक अब्दुल्ला पर हमले के बाद वीआईपी सुरक्षा की विस्तृत समीक्षा करेगा गृह मंत्रालय
जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री फारूक अब्दुल्ला पर हमले के प्रयास के बाद केंद्रीय गृह मंत्रालय ने देशभर में वीआईपी सुरक्षा व्यवस्था की व्यापक समीक्षा करने का फैसला किया है। अधिकारियों के अनुसार, अगले सप्ताह सभी वीआईपी सुरक्षा प्रबंधों का विस्तृत सुरक्षा ऑडिट किया जाएगा। यह निर्णय केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की अध्यक्षता में हुई एक बैठक में लिया गया। बैठक में राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल, गृह सचिव गोविंद मोहन, खुफिया ब्यूरो के निदेशक तपन डेका और गृह मंत्रालय के वीआईपी सुरक्षा प्रकोष्ठ के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे। अधिकारियों ने बताया कि केंद्रीय सूची में करीब 400 वीआईपी विभिन्न सुरक्षा श्रेणियों में शामिल हैं। इनमें लगभग 220 लोगों को सीआरपीएफ, 156 को सीआईएसएफ, नौ को एनएसजी और कुछ को आईटीबीपी सुरक्षा प्रदान कर रहे हैं। केंद्रीय अर्धसैनिक बल ही इन वीआईपी की सुरक्षा का जिम्मा संभालते हैं। अधिकारियों के मुताबिक, आने वाले समय में असम, पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, केरल और पुडुचेरी में विधानसभा चुनाव होने हैं। चुनावी दौर में कई राजनीतिक वीआईपी को इन राज्यों में व्यापक यात्रा करनी होगी, इसलिए सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। बता दें कि फारूक अब्दुल्ला पर बुधवार रात जम्मू में एक विवाह समारोह से निकलते समय हमला करने की कोशिश की गई थी। एक हमलावर ने पीछे से उन पर गोली चलाने का प्रयास किया, लेकिन मौके पर मौजूद पुलिसकर्मी और एनएसजी कमांडो ने उसे तुरंत पकड़ लिया और अब्दुल्ला को सुरक्षित स्थान पर ले जाया गया।