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Updates: कर्नाटक में घूसखोरी, सरकारी डॉक्टर निलंबित; बेटे के साथ अमानवीयता, लोहे से दागने वाली मां गिरफ्तार

Tue, 17 Jun 2025 05:35 AM IST
शिव शुक्ला न्यूज डेस्क, अमर उजाला
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आज की बड़ी खबरें। - फोटो : अमर उजाला
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कर्नाटक में घूसखोरी के आरोपी सरकारी डॉक्टर को निलंबित किया गया है। चिक्कबल्लापुर जिले के गुडीबांडे में एक सरकारी अस्पताल के सर्जन को रिश्वतखोरी के आरोपों के बाद डॉ. नरसिंहमूर्ति को जांच पूरी होने तक निलंबित कर दिया गया है। 11 जून को एक टेलीविजन चैनल पर प्रसारित वीडियो समाचार के बाद यह कार्रवाई की गई।  कथित तौर पर डॉ. नरसिंहमूर्ति को सर्जरी करने के बदले मरीजों से पैसे मांगते और स्वीकार करते हुए दिखाया गया था। इस फुटेज के बाद लोगों में आक्रोश बढ़ रहा है। स्वास्थ्य विभाग को काफी शर्मिंदगी उठानी पड़ी है। अधिकारियों के अनुसार, नरसिंहमूर्ति अगस्त 2019 से ही प्रभारी तालुका स्वास्थ्य अधिकारी के रूप में कार्यरत थे। चिक्कबल्लापुर के जिला स्वास्थ्य अधिकारी ने विभागीय जांच की सिफारिश की है। सरकार ने तथ्यों की जांच के लिए खोज दल का गठन किया है। आरोपों के समर्थन में पेश साक्ष्यों को प्रथम दृष्टया सही मानते हुए सरकार ने नरसिंहमूर्ति को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। सरकार ने कर्नाटक सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण और अपील) नियम, 1957 के नियम 10(3) के तहत ये कार्रवाई की है।

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बेटे के साथ अमानवीयता, लोहे से दागने वाली मां गिरफ्तार
कर्नाटक में बेटे के शरारती होने से एक मां इतनी नाराज हुई कि अमानवीयता पर उतारू हो गई। बेटे के हाथ-पैर को गर्म लोहे से दागने के आरोप में महिला को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने मंगलवार को बताया कि बेटे की शरारत की सजा के तौर पर उसके हाथ, पैर और गर्दन को गर्म लोहे की छड़ से जलाने की आरोपी महिला अनुषा हुलिमारा को हिरासत में लिया गया है। घटना सोमवार को ओल्ड हुबली शहर के टीपू नगर में हुई। पुलिस सूत्रों के अनुसार, आरोपी ने गर्म लोहे से अपने ही बेटे को जलाया, जिसके बाद बच्चे के रोने की आवाज सुनकर आस-पास के लोगों ने मासूम को बचाने के लिए हस्तक्षेप किया। अमानवीय कृत्य से स्तब्ध स्थानीय लोगों ने पुलिस बुलाई। शिकायत के आधार पर ओल्ड टाउन हुबली पुलिस ने महिला को हिरासत में लिया। बाल कल्याण विभाग के अधिकारियों को हस्तक्षेप करने के लिए कहा गया है। खबर के मुताबिक सोशल मीडिया पर वायरल एक वीडियो में बच्चा अपने पैर, हाथ और चेहरे पर जलने के गंभीर निशान दिखा रहा है। विचलित करने वाले इस मंजर में मासूम लोगों को बता रहा है कि उसकी मां ने उसे गर्म लोहे से दाग दिया है।

सीएम सिद्धारमैया ने स्मार्ट प्रीपेड मीटर लगाना अनिवार्य किया, अदालत पहुंचा मामला
कर्नाटक में मुख्यमंत्री सिद्धारमैया की अगुवाई वाली कांग्रेस सरकार ने  बिजली उपभोक्ताओं के लिए स्मार्ट प्रीपेड मीटर लगाना अनिवार्य करने का फैसला लिया है। राज्य सरकार के इस फैसले पर सवाल उठाते हुए उच्च न्यायालय में याचिकाएं दायर की गई हैं। हाईकोर्ट ने इस मुद्दे पर बेसकॉम, राज्य सरकार और अन्य पक्षकारों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है।

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संजय भंडारी मनी लॉन्ड्रिंग मामले में ईडी ने राबर्ट वाड्रा को आज बुलाया
प्रवर्तन निदेशालय ने कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा के कारोबारी पति रॉबर्ट वाड्रा को ब्रिटेन में रह रहे हथियार कारोबारी संजय भंडारी से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में नया समन जारी कर मंगलवार को पूछताछ के लिए बुलाया है। ईडी इस मामले में वाड्रा के बयान दर्ज करेगा। बता दें कि भंडारी अपने ठिकानों पर आयकर के छापों के बाद 2016 में लंदन भाग गया था। ईडी ने इससे पहले वाड्रा को 10 जून को बुलाया था लेकिन फ्लू के लक्षण बताकर वाड्रा नहीं पहुंचे थे।  सूत्रों की मानें तो ईडी ने आरोपपत्र दाखिल करने से पहले वाड्रा के बयान दर्ज करने के इरादे से उन्हें समन किया है।

रैपिडो राइडर ने महिला यात्री को मारे थप्पड़
कर्नाटक के बंगलूरू में रैपिडो बाइक चलाने वाले ने महिला यात्री को सरेआम थप्पड़ मार दिया जिससे वह गिर पड़ी। तेज रफ्तार बाइक चलाने को लेकर रैपिडो राइडर और महिला में बहस हुई थी।  पुलिस उपायुक्त (दक्षिण) लोकेश बी जगलासर ने सोमवार को बताया कि घटना शनिवार को हुई थी लेकिन पीड़िता ने इस संबंध में कोई शिकायत नहीं की। हालांकि पुलिस ने मामले में एक गैर-संज्ञेय रिपोर्ट दर्ज किया है। महिला को शिकायत दर्ज कराने के लिए नोटिस भेजा गया है, ताकि उसके आधार पर रैपिडो राइडर के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की जा सके।  

सुप्रीम कोर्ट रजिस्ट्री और कार्यालय 14 जुलाई से शनिवार को भी खुलेंगे
 सुप्रीम कोर्ट की रजिस्ट्री और कार्यालय अब हर शनिवार को खुले रहेंगे। शीर्ष अदालत ने सोमवार को यह अहम निर्णय लिया। 16 जून को जारी शीर्ष अदालत के नोटिस में कहा गया है, न्यायालय की रजिस्ट्री और कार्यालय 14 जुलाई, 2025 से हर शनिवार को सुबह 10 बजे से दोपहर 1 बजे तक खुले रहेंगे। शीर्ष अदालत ने संविधान के अनुच्छेद 145 के तहत अपनी शक्तियों का प्रयोग करते हुए सुप्रीम कोर्ट के, 2013 के नियमों में संशोधन किया। 
 

 रेलवे में 6,374 तकनीशियन होगी भर्ती  
देश के 17 रेल जोनों और विभिन्न उत्पादन इकाइयों में रेल मंत्रालय सिग्नल और दूरसंचार विभाग समेत 51 श्रेणियों के 6,374 रिक्त तकनीशियन पदों को भरेगा। इससे पहले 10 जून को मंत्रालय ने रेलवे के सभी जोन को पत्र लिखकर कहा था कि उसने ऑनलाइन मानव संसाधन प्रबंधन प्रणाली में तकनीशियनों के रिक्त पदों का आकलन किया है और रिक्त पदों के लिए रोजगार अधिसूचना जारी करने को मंजूरी दी है।

मिजोरम चकमा परिषद में अविश्वास प्रस्ताव पारित भाजपा सत्ता से बाहर  
 मिजोरम के चकमा स्वायत्त जिला परिषद (सीएडीसी) में सोमवार को अविश्वास प्रस्ताव पारित होने के बाद भाजपा सत्ता से बाहर हो गई। परिषद के प्रमुख व भाजपा नेता मोलिन कुमार चकमा को पद से हटा दिया गया। 20 सदस्यीय परिषद में अब जेडपीएम के 16, भाजपा के 2 और एमएनएफ के एक सदस्य हैं। अप्रैल में एक भाजपा सदस्य की मृत्यु के कारण एक सीट खाली है।

एक अधिकारी ने बताया कि राज्य की सत्तारूढ़ पार्टी जोरम पीपुल्स मूवमेंट (जेडपीएम) के पास अब परिषद में सबसे ज्यादा सदस्य हैं और वह सीएडीसी की अगली कार्यकारी समिति बनाने का दावा पेश कर सकती है। गौरतलब है कि 4 फरवरी को मोलिन कुमार चकमा के नेतृत्व में गठित की गई कार्यकारी समिति, 1972 के बाद से सीएडीसी में पहली भाजपा शासित समिति थी।

परिषद के अध्यक्ष लखन चकमा की ओर से बुलाई गई विशेष बैठक में भाजपा नेतृत्व वाली समिति को अविश्वास प्रस्ताव के जरिये हटा दिया गया। अविश्वास प्रस्ताव जेडपीएम के सदस्य दोयमोय दावेंग चकमा की ओर से पेश किया गया था। इसमें दावा किया गया था कि मोलिन को बहुमत का समर्थन नहीं रह गया है। मौजूदा 17 निर्वाचित सदस्यों में से 15 ने मोलिन के खिलाफ वोट दिया, जबकि एक ने उनके पक्ष में मतदान किया। एमएनए्फ के एकमात्र सदस्य रसिक मोहन चकमा ने मतदान से परहेज किया। हाल ही में लखन चकमा समेत 12 भाजपा सदस्य पार्टी छोड़कर जेडपीएम में शामिल हो गए थे।

PAK के खिलाफ 25 अगस्त से पहले डोजियर सौंपेगा भारत
पाकिस्तान के आतंकवाद को पनाह देने के मामले में भारत 25 अगस्त से पहले वित्तीय कार्रवाई कार्य बल (एफएटीएफ) को उसकी नापाक हरकतों के सबूतों का पुलिंदा यानी डोजियर सौंपेगा।एफएटीएफ के एशिया प्रशांत समूह (एपीजी) की अगली बैठक 25 अगस्त को और 20 अक्तूबर को एफएटीएफ की अगली पूर्ण और कार्य समूह बैठक होनी है। भारत की योजना इससे पहले डोजियर सौंपने की है। इसमें बताया जाएगा कि कैसे पाकिस्तान ने एफएटीएफ के नियमों का उल्लंघन किया है। भारत लगातार कहता रहा है कि पाकिस्तान आतंकियों के लिए सुरक्षित पनाहगाह है। उसके इस दावे की तब और पुख्ता पुष्टि हो गई जब 7 मई को भारत के सैन्य हमलों में मारे गए आतंकियों के अंतिम संस्कार में पाकिस्तान के वरिष्ठ सैन्य अधिकारी मौजूद रहे।

कर्नाटक हाईकोर्ट का सवाल- भगदड़ की रिपोर्ट सीलबंद लिफाफे में क्यों पेश करना चाहती है राज्य सरकार
कर्नाटक हाईकोर्ट ने मंगलवार को राज्य सरकार से पूछा कि वह क्यों चार जून की भगदड़ पर स्थिति रिपोर्ट को ‘सीलबंद लिफाफे’ में पेश करना चाहती है। अदालत ने जोर दिया कि इस मामले में पारदर्शिता और जवाबदेही की जरूरत है। कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश वी. कांशवर राव और न्यायमूर्ति सी.एम. जोशी की पीठ के सामने मामले की सुनवाई हुई, तो राज्य के महाधिवक्ता शशि किरण शेट्टी ने कहा कि सरकार जानकारी छिपाना नहीं चाहती, लेकिन वह नहीं चाहती कि जारी जांच पर कोई असर पड़े।

महाधिवक्ता ने कहा, हम अगले हफ्ते दोनों रिपोर्ट पेश करेंगे। इनमें प्रारंभिक निष्कर्ष और अंतरिम मूल्यांकन शामिल हैं। उन्होंने कहा कि रिपोर्ट में कुछ बातें प्रारंभिक स्तर की हैं और अगर मीडिया में समय से पहले आईं, तो उन्हें गलत तरीके से पेश किया जा सकता है। कोर्ट ने एक बार फिर कहा कि वह रिपोर्ट को सीलबंद लिफाफे में रखने के अनुरोध पर विचार करेगा। साथ ही कोर्ट ने यह भी कहा कि वह इस मामले में एक न्याय मित्र नियुक्त करेगा और उससे सलाह लेने के बाद ही कोई निर्णय लेगा।

कोर्ट ने स्पष्ट संकेत दिया कि जांच प्रक्रिया में पारदर्शिता और जवाबदेही जरूरी है। महाधिवक्ता ने पूरी रिपोर्ट तैयार करने के लिए 20 से 25 दिन का समय मांगा, लेकिन पीठ इससे सहमत नहीं दिखी। हाईकोर्ट ने कहा, ऐसा क्यों मानें कि इससे हमारी कार्यवाही रुकेगी? कोर्ट ने दोहराया कि सुनवाई राज्य सरकार की आंतरिक समयसीमा से बंधी नहीं है।  कोर्ट ने यह भी कहा कि वह कर्नाटक राज्य क्रिकेट संघ (केएससीए), रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरू (आरसीबी) और डीएनए नेटवर्क्स – जो आईपीएल मैच के आयोजन और प्रबंधन में शामिल थे – को भी इस मामले में पक्षकार बनाएगा।

सामूहिक दुष्कर्म मामला: राष्ट्रीय महिला आयोग ने ओडिशा के डीजीपी को लिखा पत्र, निर्देश दिए
राष्ट्रीय महिला आयोग ने ओडिशा के गोपालपुर बीच पर 20 वर्षीय छात्रा के साथ सामूहिक दुष्कर्म की घटना का संज्ञान लिया है। आयोग की अध्यक्ष विजया रहाटकर ने ओडिशा के डीजीपी को पत्र लिखा है और आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी का निर्देश दिया है। रहाटकर ने कहा कि बीएनएसएस की धारा 396 के तहत मुआवजा सुनिश्चित किया जाना चाहिए। क्या कार्रवाई की गई है, इस पर तीन दिनों के भीतर रिपोर्ट सौंपने को भी कहा है। 

धनशोधन मामला: दूसरी बार ईडी के सामने पेश नहीं हुए ईडी के सामने पेश नहीं हुए
कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी के पति और कारोबारी रॉबर्ट वाड्रा मंगलवार को एक धनशोधन मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के सामने दूसरी बार पेश नहीं हुए। यह मामला ब्रिटेन के हथियारों के बिचौलिए संजय भंडारी से जुड़ा हुआ है। आधिकारिक सूत्रों ने यह जानकारी  दी।

वाड्रा के वकील ने बताया कि उनके मुवक्किल विदेश में हैं और अदालत की पूर्व अनुमति से अपनी बेटी के दीक्षांत समारोह (ग्रेजुएशन सेरेमनी) में शामिल होने गए हैं। ईडी ने वाड्रा को पहले 10 जून को बुलाया था, लेकिन वे उस दिन भी पेश नहीं हुए थे। इसके बाद उन्हें 17 जून को पेश होने को कहा गया था। अब ईडी उनके जवाब की समीक्षा करने के बाद उन्हें एक नई तारीख दे सकती है।

वाड्रा के वकील सुमन ज्योति खेतान ने कहा, 17 जून को विदेश यात्रा की अनुमति वाड्रा ने कोर्ट से पहले ही ले ली थी और इसकी जानकारी ईडी को भी दे दी गई थी।उन्होंने आगे कहा, वाड्रा ने बार-बार यह स्पष्ट किया है कि वह ईडी को पूरा सहयोग देने के लिए तैयार हैं। पहले भी ऐसा किया है और विदेश से लौटने पर या जरूरत पड़ने पर विदेश में रहते हुए वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए भी अपना बयान देने को तैयार हैं। 

एनआईए ने प्रियांगु पांडे पर भीड़ के हमले के मामले में चार और आरोपियों के खिलाफ दाखिल किया आरोप पत्र
राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने 2024 में पश्चिम बंगाल में प्रियांगु पांडे पर हुए भीड़ के हमले के मामले में चार और आरोपियों के खिलाफ आरोपपत्र दाखिल किया है। इन आरोपियों के नाम पियस प्रसाद उर्फ सुजल, मोहम्मद टिपू उर्फ टिपुआ, मोहित महतो उर्फ साही और मोहम्मद जावेद उर्फ अंडा हैं। इन चारों पर भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस), आयुध अधिनियम और विस्फोटक पदार्थ अधिनियम की अलग-अलग धाराओं के तहत आरोप लगाए गए हैं। यह तीसरा पूरक आरोपपत्र है, जो एनआईए की स्पेशल कोर्ट, कोलकाता में दाखिल की गई है। एनआईए ने बताया कि अब तक इस मामले में कुल 18 आरोपियों के खिलाफ आरोपपत्र दाखिल किया जा चुका है, जिनमें से 17 को गिरफ्तार किया जा चुका है, जबकि एक अभी भी फरार है।  
 

आंध्र प्रदेश: रेनिगुंटा एयरपोर्ट का नाम बदलकर भगवान वेंक्टेश्वर हवाई अड्डा करने की मांग
तिरुमाला तिरुपति देवस्थानम (टीटीडी) के अध्यक्ष बीआर नायडू ने बुधवार को कहा कि रेनिगुंटा हवाई अड्डे का नाम बदलकर श्री वेंकटेश्वर अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डा किया जाना चाहिए। इसका प्रस्ताव नागरिक उड्डयन मंत्रालय को भेजा गया है और हवाई अड्डे को तिरुमाला के आध्यात्मिक और भक्तिपूर्ण माहौल को दर्शाने वाले सौंदर्यशास्त्र के साथ फिर से डिजाइन किया जाएगा। नायडू ने पत्रकारों से कहा, हवाई अड्डा तिरुमाला के दिव्य सौंदर्यशास्त्र को दर्शाएगा। मंदिर निकाय की योजना कर्नाटक सरकार द्वारा भूमि आवंटन के अधीन, बेंगलुरु में एक प्रमुख स्थान पर श्रीवारी मंदिर बनाने की है। मंदिर निकाय ने एक बयान में कहा कि केंद्रीय भारी उद्योग मंत्री कुमार स्वामी ने टीटीडी को 100 इलेक्ट्रिक बसें उपलब्ध कराने पर सहमति जताई है। उन्हें जल्द तिरुमाला लाने के प्रयास चल रहे हैं। टीटीडी ने मंदिर के प्रसाद में इस्तेमाल होने वाले घी, पानी और भोजन की गुणवत्ता की जांच करने के लिए सीएसआईआर लैब की स्थापना के लिए तिरुपति में जगह पट्टे पर देने का भी फैसला किया है।
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महेश कुमार गौड़ ने फोन टैपिंग मामले में दी गवाही
तेलंगाना प्रदेश कांग्रेस कमेटी (टीपीसीसी) के अध्यक्ष बी महेश कुमार गौड़ ने मंगलवार को फोन टैपिंग मामले में पुलिस के सामने गवाही दी। गवाही के बाद मीडिया से बात करते हुए गौड़ ने कहा कि उन्होंने जांच अधिकारियों को जरूरी जानकारी दी है। उन्होंने आरोप लगाया कि बीआरएस सरकार ने राजनीतिक फायदे के लिए कांग्रेस नेताओं के फोन टैप कराए।

गौड़ ने बताया कि 2021 में उन्होंने और अन्य कांग्रेस नेताओं ने उस समय के मुख्य सचिव से अपनी निगरानी को लेकर शिकायत की थी। उन्होंने दावा किया कि टेलीग्राफ एक्ट, 1885 का उल्लंघन करते हुए हजारों कांग्रेस नेताओं के फोन टैप किए गए। बता दें कि यह मामला पिछली बीआरएस सरकार के कार्यकाल में नेताओं की कथित अवैध निगरानी से जुड़ा है। इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि 2018 के विधानसभा चुनावों में कांग्रेस की हार का एक बड़ा कारण यह फोन टैपिंग हो सकती है, जिससे पार्टी की रणनीति और गतिविधियों पर नजर रखी गई। गौड़ ने बताया कि अब जांच के दौरान यह सामने आ रहा है कि उस समय के टीपीसीसी अध्यक्ष रेवंत रेड्डी और कई अन्य नेताओं के फोन भी टैप किए गए थे।

गौड़ के अनुसार, जांच अधिकारियों से मिली जानकारी के मुताबिक करीब 650 कांग्रेस नेताओं के फोन निगरानी में थे। उन्होंने आरोप लगाया कि फोन टैपिंग से जुड़ा डेटा रखने वाले हार्ड डिस्क को नष्ट कर दिया गया है और अब जांच केवल सीमित बचे हुए डेटा के आधार पर हो रही है। उन्होंने सरकार से मांग की कि जो लोग इस अवैध निगरानी में शामिल थे, उन्हें सख्त सजा दी जाए ताकि भविष्य में ऐसा दोबारा न हो। इस बीच बीआरएस नेता केटी. रामाराव ने महेश गौड़ के खिलाफ कानूनी नोटिस भेजा है। बीआरएस की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि गौड़ के आरोप बेबुनियाद हैं और कांग्रेस अपनी सरकार की नाकामियों को छिपाने के लिए इस मुद्दे को उठा रही है।
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