महाराष्ट्र के भंडारा जिले के सरकारी अस्पताल में शनिवार को 10 नवजात बच्चों की मौत मामले में राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग ने जिला कलेक्टर को तय समय सीमा में कार्रवाई की रिपोर्ट नहीं सौंपने के लिए नोटिस भेजा है।
दरअसल घटना के बाद आयोग (एनसीपीसीआर) ने भंडारा जिला कलेक्टर को इस घटना की जांच करने और 48 घंटे के भीतर तथ्यात्मक कार्रवाई रिपोर्ट भेजने के लिए पत्र लिखा था लेकिन अबतक रिपोर्ट नहीं सौंपी गई।
बता दें कि शनिवार सुबह महाराष्ट्र के भंडारा जिले के एक अस्पताल की सिक न्यूबॉर्न केयर यूनिट में आग लगने से दस नवजात शिशुओं की मौत हो गई। शिशुओं की उम्र एक महीने से तीन महीने के बीच थी। डॉक्टर प्रमोद खांडते ने बताया कि यूनिट में 17 बच्चे थे, जिनमें से सात को बचाया लिया गया।
राज्यपाल ने की मुआवजे की घोषणा
बुधवार को अस्पताल के दौरे पर आए राज्यपाल ने कहा कि आग लगने की घटना बहुत दुखद है। उन्होंने प्रशासन से भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए एहतियाती कदम उठाने को कहा। कोश्यारी सुरक्षित बचाए गए शिशुओं के वार्ड में भी गए और उनकी मांओं से भी मिले। राज्यपाल के साथ महाराष्ट्र विधानसभा के अध्यक्ष नाना पटोले, भंडारा के सांसद सुनील मेंधें और अन्य अधिकारी भी अस्पताल गए थे।