फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

न्यूज डायरी: डीजीसीए के उपनिदेशक रिश्वत मामले में गिरफ्तार; ओवैसी बोले- वोट कटवाने की ताक में भाजपा कार्यकर्ता

Mon, 05 Oct 2026 07:43 AM IST
ज्योति भास्कर न्यूज डेस्क, अमर उजाला।
विज्ञापन
आज की बड़ी खबरें। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने रिश्वत मामले में नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (डीजीसीए) के उप-निदेशक सुशील कुमार गर्ग को गिरफ्तार किया है। अधिकारियों ने रविवार को बताया कि गिरफ्तारी चेन्नई में की गई। गर्ग को निजी कंपनी एकवी एयर ट्रेनिंग ऑर्गनाइजेशन प्राइवेट लिमिटेड के निदेशक सचिन केशव भाने से 2.5 लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए पकड़ा गया। रिश्वत देने के आरोप में सचिन को भी गिरफ्तार कर लिया गया है। अधिकारियों के अनुसार, सचिन की कंपनी के विमानों के लिए उड़ान योग्यता प्रमाणपत्र जारी करने के बदले गर्ग ने रिश्वत की मांग की थी। सीबीआई ने गर्ग और सचिन के साथ ही कंपनी के खिलाफ भी मामला दर्ज किया है। आरोपी डीजीसीए अधिकारी को पूछताछ के लिए दिल्ली लाने के लिए सीबीआई अदालत से ट्रांजिट रिमांड मांगेगी।

वोट कटवाने की कोशिश में भाजपा कार्यकर्ता, जंतर-मंतर से भी बड़ा आंदोलन करेंगे: ओवैसी

ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) के अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी ने आरोप लगाया है कि एसआईआर के दौरान भाजपा कार्यकर्ता फॉर्म 7 जमा करके वोटर लिस्ट से मुस्लिम मतदाताओं के नाम हटाने की कोशिश कर रहे हैं। हैदराबाद से लोकसभा सांसद ओवैसी ने चेतावनी दी है कि अगर ऐसा हुआ तो दिल्ली के जंतर-मंतर पर हुए विरोध-प्रदर्शन से भी बड़ा आंदोलन किया जाएगा।

विज्ञापन

बिहार में बाढ़ प्रबंधन में सुस्त 7 इंजीनियर सस्पेंड

बिहार सरकार ने बाढ़ के दौरान राहत-बचाव कार्यों में सुस्ती बरतने वाले सात इंजीनियरों को निलंबित कर दिया है। निलंबित इंजीनियरों में सारण के संतोष प्रभाकर, सुनील कुमार, विनोद कुमार व चंद्रशेखर कुमार, गोपालगंज के  साजिद इकबाल, जावेद अंसारी और विकास कुमार शामिल हैं। साथ ही मुजफ्फरपुर के मुख्य अभियंता मनोज गुप्ता के खिलाफ भी विभागीय कार्यवाही के आदेश दिए गए हैं।
विज्ञापन

मंत्री के विरोध में प्रदर्शन डेंटल सर्जन की गई नौकरी

केरलम में एक अस्थायी डेंटल सर्जन को खेल मंत्री ओजे जनीश के खिलाफ विरोध प्रदर्शन में शामिल होने पर नौकरी से हाथ धोना पड़ा। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने रविवार को बताया कि डॉ सिद्धार्थ रवींद्रन कासरगोड जिला अस्पताल में नियुक्त थे। एनएचएम जिला कार्यक्रम प्रबंधक ने उन्हें नौकरी से निकालने का आदेश जारी किया। आदेश में कहा गया कि  डॉ रवींद्रन का काम आचार संहिता के खिलाफ है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें