दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि एक निर्भया के साथ गलत हुआ तो यूपीए सरकार का सिंहासन डोल गया था। वहां 40 बेटियों से अत्याचार हुआ, सरकार ने जानकारी के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं की। जनता 40 शासन उखाड़ फेंकेगी। दोषियों को बचाया जा रहा है, हमारी मांग है कि तीन माह में सभी प्रकार की जांच पूरी कर दोषियों को फांसी की सजा दी जाए।
राष्ट्रीय महिला आयोग ने मामले से पल्ला झाड़ा
उधर, राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष रेखा शर्मा ने यह कहकर मामले से पल्ला झाड़ लिया है कि यह राष्ट्रीय बाल अधिकार आयोग का मामला है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय महिला आयोग केवल सलाहकार मंडल की भूमिका में है। हम अपनी सिफारिशों को गृह मंत्रालय को भेज सकते हैं, कोर्ट में गुहार कर सकते हैं। मामला 18 साल से छोटी बच्चियों से जुड़ा है, इसलिए हम वहां नहीं गए। अगर बड़ी होती तो हमारी टीम पहुंच जाती।
डबल इंजन की सरकार में अपराध-भ्रष्टाचार
राजद नेता तेजस्वी यादव ने कहा कि हमारे चाचा (नीतीश कुमार) की अंतरात्मा इस घटना से नहीं जगी जबकि पूरा हिंदुस्तान शर्मसार हो गया है। बिहार की डबल इंजन की सरकार में अपराध व भ्रष्टाचार का बोलबाला है। हमारे चाचा सृजन घोटाले की तरह इस घटना को भी खत्म कर देना चाहते हैं। सुशासन की बात करते हैं, लेकिन बिहार में आज जंगलराज नहीं राक्षस का राज हो गया है। सरकार अपराधियों को संरक्षण दे रही है। रेप पीड़ित बच्चियों को दिल्ली में संरक्षण देकर मामले की जांच होनी चाहिए।
भाजपा से बेटी बचाओ
माकपा नेता सीताराम येचुरी ने कहा कि केंद्र सरकार कहती है कि ‘बेटी पढ़ाओ, बेटी बचाओ’ लेकिन अब नारा भाजपा से बेटी बचाओ का हो गया है।
देश में एक कमीशन बने
जघन्य अपराध हुआ है। पूरे देश में एक कमीशन बनना चाहिए। देशभर के बाल गृह की जांच होनी चाहिए। केंद्र सरकार गाय बचा रही है, लेकिन मां-बेटियों को अपराधियों के चंगुल में जाने को विवश कर रही है।