1993 मुंबई सीरियल ब्लास्ट पर सुनवाई करने वाली विशेष टाडा अदालत आज यानि शुक्रवार को आरोपियों के खिलाफ फैसला सुनाना शुरु कर दिया है। 7 आरोपियों को मुंबई सीरियल ब्लास्ट मामले में धमाकों की साजिश करने का मुख्य आरोपी माना गया था। अबु सलेम, मुस्तफा डोसा समेत 7 आरोपी मुंबई के टाडा कोर्ट पहुंच गए हैं।
सुनवाई के दौरान कोर्ट ने हत्या और साजिश के आरोप में डोसा और फिरोज खान को दोषी करार दिया है। जज ने ये भी कहा कि सरकारी पक्ष ने अपने आरोप साबित कर दिए हैं। दरअसल, 2012 में शुरू हुई सुनवाई में इन 7 आरोपियों पर 64 मुकदमा चलाए गए थे, जबकि 48 में बचाव पक्ष भी अदालत में पेश हुए।
Mustafa Dossa found guilty in the 1993 Mumbai blasts case. pic.twitter.com/x7BmaXWhFL
— ANI (@ANI_news) June 16, 2017
दरअसल, 12 मार्च 1993 मुंबई में अलग जगहों पर 12 बम दागे गए थे, जिसमें करीब 257 लोगों की मौत हुई थी और 713 अन्य लोग घायल हुए। इसके अलावा हमले में 27 करोड़ रुपये की संपत्ति बर्बाद हुयी था। बम ब्लास्ट के आरोपी अबू सलेम और मुस्तफा डोसा पुलिस वैन से विशेष टाडा अदालत पहुंच चुका है।
इसके अलावा इस केस से संबंधित 1,50,000 दस्तावेज मौजूद हैं जिसमें पहले के मुकदमे का फैसला भी शामिल है। न्यायाधीश जी ए सानाप ने 2012 में मुकदमा चलाया था उनके बयानों की रिकॉर्डिंग के दौरान सात आरोपियों में से हरेक से 14998 सवाल पूछे थे। इस हमले में अंडरवर्ल्ड डॉन अबू सलेम, मुस्तफा डोसा, करीमुल्लाह खान, फिरोज अब्दुल, रिया सिद्दकी, ताहिर मर्चैन्ट और अब्दुल क्यूम धमाकों की साजिश रचने के मुख्य अभियुक्त हैं।
केस में 123 आरोपियों का ट्रायल 2006 में खत्म हो चुका है, जिसमें 100 को सजा सुनाई गई थी। इसमें दोषियों में एक्टर संजय दत्त का नाम भी सामने आया था। बता दें कि अगर आज ये सात आरोपी दोषी साबित हुए तो उनको मौत की सजा भी सुनाई जा सकती है।