सर्जिकल स्ट्राईक पर देश में छीड़े वाकयुद्द के बीच पीएम मोदी को संघ प्रमुख मोहन राव भागवत का साथ मिला है। सर्जिकल ऑपरेशन के मामले पर भागवत ने सेना के शौर्य की सराहना करते हुए सरकार के नेतृत्व को भी शाबाशी दी है। तो सरकार के लिए मुश्किलें खड़ा कर रहे विपक्ष की निंदा भी की है। संघ स्थापना के अपने वार्षिक संबोधन में भागवत ने मोदी सरकार के कामकाज की तारीफ करते हुए संघ प्रमुख ने कहा है कि वर्तमान नेतृत्व में देश धीरे-धीरे आगे बढ़ रहा है। तो विरोधियों पर निशाना साधते हुए संघ प्रमुख ने कहा कि कुछ शक्तियां भारत को आगे बढ़ते देखना नहीं चाहतीं।
कश्मीर के हालात पर चिंता जताते हुए संघ प्रमुख ने कहा कि जम्मू-कश्मीर के हालात बिगाडने वालों को सीमा पार से मदद मिल रही है। ये बात दुनिया में छिपी नहीं है। भागवत ने कहा कि उन्हें (पाकिस्तान) ये संदेश मिल गया है कि सहने की सीमा होती है। कश्मीरी पंड़ितों के पुर्नवाश की बात करते हुए भागवत ने कहा कि भागवत ने कहा कि कश्मीर में पंडितों को जल्द से जल्द बसाया जाना चाहिए। तो सरकार से व्यापक शिक्षा नीति लाने की मांग करते हुए संघ प्रमुख ने कहा कि वर्तमान शिक्षा नीति बेतूकी है। जल्द से जल्द नई शिक्षा नीति लागू होनी चाहिए।