देश भर में कोरोना से मरने वालों की संख्या 6 और कुल संक्रमित लोगों की संख्या बढ़कर 370 पहुंच गई है। कोरोना से लड़ने और इसे फैलने से रोकने के लिए सरकार ने एक बड़ा कदम उठाया है। पैसेंजर ट्रेन के बाद सरकार ने अब मेट्रो को बंद करने का आदेश दिया है।
रविवार यानि 23 मार्च से 31 मार्च कर देश में मेट्रो के चलने पर रोक लगा दी गई है। कोरोना के डर के बीच सरकार ने अंतरराज्यीय बसों और ट्रेन के संचालन पर रोक लगा दी है। आवास और शहरी मामलों के मंत्रालय ने सभी मेट्रो रेल कॉरपोरेशन के डायरेक्टर्स को संदेश जारी कर मेट्रो के बंद करने के निर्देश दिए हैं।
मंत्रालय के सचिव डी एस मिश्रा ने जानकारी दी कि इस वैश्विक महामारी के मौजूदा हालात में मेट्रो बंद करने का फैसला लिया जा रहा है। जानकारों के मुताबिक लोंगों के बीच निकटता को कम करना है ताकि वायरस के फैलने का गति को कम किया जा सके। अधिकारियों ने निर्देश दिए हैं कि मेट्रो कॉर्पोरेशन ज्यादा से ज्यादा इस जानकारी को फैलाएं ताकि रविवार को आम जनता को परेशानी ना हो।
जनता कर्फ्यू की वजह से कई जगहों पर पहले से मेट्रो सेवा बंद है लेकिन केंद्र सरकार ने इसे 31 मार्च तक बंद करने का फैसला सुनाया है। हालांकि इससे पहले रेलवे अंतरराज्यीय रेल नेटवर्क पर रोक लगा चुका है। सरकार की तरफ से ये कदम वायरस के इंफेक्शन को फैलने से रोकने के लिए उठाया गया है।
केंद्र सरकार के आदेश के बाद दिल्ली सरकार ने दिल्ली मेट्रो को बंद करने का ऐलान कर दिया है। दिल्ली के बाद अब कोलकाता मेट्रो और मुंबई मोनो रेल नेटवर्क ने भी 31 मार्च तक मेट्रो के संचालन को बंद करने का फैसला कर लिया है।
डीएमआरसी के कॉरपोरेट कम्यूनिकेशन के एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर अनुज दयाल सरकार के निर्देशों को ध्यान में रखते हुए 31 मार्च तक मेट्रो के संचालन पर रोक लगा दी गई है। ये कदम कोरोना वायरस को फैलने से रोकने के लिए उठाया गया है। हालांकि दिल्ली मेट्रो कुछ जरूरी संचालन के लिए आंतरिक तौर पर खुली रहेगी।