मेघालय में अब सभी दुकानों, व्यावसायिक प्रतिष्ठानों और यात्री वाहनों को यह बताना होगा कि उनके कर्मचारियों ने टीका लिया है या नहीं। उन्हें टीकाकरण की स्थिति से संबंधित सूची को ऐसी जगह लगाना होगा जहां लोग सेवा लेने से पहले आसानी से उसे देख पाएं। दरअसल, मेघालय हाईकोर्ट ने सभी दुकानों, व्यावसायिक प्रतिष्ठानों और यात्री वाहनों से अपने कर्मचारियों के टीकाकरण की स्थिति के बारे में बताने को कहा है।
हाईकोर्ट के अनुसार इस सूची को ऐसी जगह लगाना होगा, जहां से लोग सेवा लेने से पहले क र्मचारियों के टीकाकरण की स्थिति के बारे में जान सकें। हाईकोर्ट ने जनहित में स्वत: संज्ञान लेते हुए टीकाकरण के खिलाफ गलत सूचना फैलाने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी है।
मुख्य न्यायाधीश विश्वनाथ सोमादर की पीठ ने बुधवार को अपने आदेश में कहा कि विश्वव्यापी महामारी के मौजूदा हालात को देखते हुए यह जरूरी है। यह साफ होना चाहिए कि टीकाकरण जरूरी है। व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को बाकायदा यह दर्शाना होगा कि उनके कर्मचारी को टीका लग गया है। इसी तरह टैक्सी, बस और अन्य यात्री वाहनों को भी अपने चालक, खलासी और अन्य कर्मचारियों के टीकाकरण की स्थिति के बारे में बताना होगा। हाईकोर्ट के अनुसार कोई भी इस नियम को तोड़ते पाया गया तो प्रशासन उसकी सेवा बंद करा सकता है।