एक अधिकारी ने बताया कि 'मेघालय उच्च न्यायालय कार्यवाही नियम, 2022' की अधिसूचना के बाद अदालत ने सुनवाई का सीधा प्रसारण किया। वादी और आम नागरिक को अब यह देखने के लिए पूरा दिन बर्बाद करने की जरूरत नहीं है कि उनका केस कैसे आगे बढ़ रहा है।
मेघालय उच्च न्यायालय ने बुधवार अपनी कार्यवाही की यूट्यूब पर सीधा प्रसारण किया, ताकि आम आदमी को इसके कार्यों को समझने की अनुमति मिल सके और खुली अदालत की अवधारणा का कार्यान्वयन हो सके।
विज्ञापन
उच्च न्यायालय के एक अधिकारी ने बताया कि 'मेघालय उच्च न्यायालय कार्यवाही नियम, 2022' की अधिसूचना के बाद अदालत ने सुनवाई का सीधा प्रसारण किया। उन्होंने कहा कि वादी और आम नागरिक को अब यह देखने के लिए पूरा दिन बर्बाद करने की जरूरत नहीं है कि उनका केस कैसे आगे बढ़ रहा है। वे अदालत की कार्यवाही का सीधा प्रसारण अपने घरों या कार्यालयों में आराम से देख सकते हैं।
अधिकारी ने कहा, यह (अदालती कार्यवाही की लाइव स्ट्रीमिंग) आम आदमी को अदालत के कामकाज को समझने में मदद करेगा। युवा वकीलों को देश के अन्य हिस्सों के वरिष्ठ अधिवक्ताओं को देखने और वर्चुअल प्लेटफॉर्म्स पर भाग लेने का भी अवसर मिलेगा। उन्होंने आगे कहा कि यह युवाओं के मानकों और आकांक्षाओं को आगे बढ़ाएगा।
विज्ञापन
गुजरात, उड़ीसा, कर्नाटक, झारखंड, पटना और मध्य प्रदेश के उच्च न्यायालयों की अदालती कार्यवाही का लाइव प्रसारण पहले शुरू किया जा चुका है।
गडकरी ने पूर्वोत्तरी राज्यों को दी सड़क परियोजनाओं की सौगात
केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने आज पूर्वोत्तर के चार राज्यों में अंतरराष्ट्रीय मानकों के तहत नई सड़क परियोजनाओं के लिए 68,000 करोड़ रुपये की सड़क परियोजनाओं को मंजूरी दी।