राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) की अखिल भारतीय प्रतिनिधिसभा की बैठक शुक्रवार से ग्वालियर में होने जा रही है। बैठक में संगठन के विभिन्न प्रांतों से लगभग 1400 प्रतिनिधि भाग लेने पहुंच रहे हैं। तीन दिन चलने वाली इस बैठक का उद्घाटन संघ प्रमुख मोहन भागवत करेंगे। संगठन के मुताबिक यह प्रतिवर्ष होने वाली सामान्य बैठक है। लेकिन देश के मौजूदा हालात में इसे महत्त्वपूर्ण माना जा रहा है।
आरएसएस के अखिल भारतीय प्रचार प्रमुख अरूण कुमार ने बताया कि देश की मौजूदा विभिन्न परिस्थितियों के बारे में इस बैठक में विचार किया जा सकता है। बैठक के समापन सत्र में संघ प्रमुख मोहन भागवत इन पर अपने विचार रख सकते हैं।
लेकिन यह प्रतिवर्ष होने वाली एक सामान्य बैठक है जिसमें संगठन के विस्तार और पूर्व में लिए गए निर्णयों के बारे में विचार किया जाता है। पुलवामा में हुई आतंकी हिंसा, बालाकोट में हुई एयर स्ट्राइक और राम मंदिर पर सुप्रीम कोर्ट के रुख पर संगठन में कुछ प्रस्ताव भी पारित किए जा सकते हैं।
आरएसएस के प्रचार प्रमुख अरूण कुमार ने बताया कि इस बैठक में संगठन के विस्तार से संबंधित संगठन पदाधिकारियों के प्रवास कार्यक्रम भी तय किए जाएंगे। मौजूदा सरकार के काम करने से लेकर अब तक आरएसएस के संगठन में काफी विस्तार हुआ है और उसकी शाखाओं की संख्या अब तक के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच चुकी है।