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यूपी सीएम के सवाल पर मनोज सिन्हा ने कहा- मैं रेस में नही हूं

Fri, 17 Mar 2017 08:55 PM IST
amarujala.com, Written by: राघवेंद्र मिश्र
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manoj sinha
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केंद्रीय रेल राज्य मंत्री मनोज सिन्हा ने शुक्रवार को कहा कि वह मुख्यमंत्री की रेस में नहीं है। इसके बारे में उन्हें कुछ जानकारी नहीं है। बताते चलें कि प्रदेश में बीजेपी की शानदार सफलता के बाद कयास लगाए जा रहे हैं कि मनोज सिन्हा इस पद की रेस में सबसे आगे हैं।
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  Neither I am in the race (for UP CM) nor do I know of any such race: Manoj Sinha, Union Minister pic.twitter.com/wQROjVuXCe — ANI (@ANI_news) March 17, 2017



मनोज सिन्हा गाजीपुर से सांसद हैं। उन्हें नरेंद्र मोदी और अमित शाह का करीबी माना जाता है। बीएचयू आईआईटी से उन्होंने पढ़ाई की है और छात्रसंघ के अध्यक्ष भी रहे हैं। उन्हें पढ़े-लिखे कद्दावर नेता के रूप में जाना जाता है। 
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पीएम मोदी और मनोज सिन्हा के बीच संबंध आरएसएस के दिनों से है। जब मोदी प्रचारक थे तब मनोज सिन्हा के गांव गाजीपुर आते थे। पीएम मोदी जब गुजरात के सीएम थे तब वह मनोज सिन्हा का प्रचार करने गाजीपुर आए ‌थे।

वर्ष 1996 में वह पहली बार सांसद बने थे। उनकी साफ सुथरी छवि और रेल मंत्रालय में बढ़िया काम की वजह से प्रधानमंत्री मोदी ने ‌जुलाई 2016 में कैबिनेट में बदलाव के दौरान दूरसंचार मंत्रालय की भी जिम्मेदारी उन्हें दी। मनोज सिन्हा ने पूर्वी उत्तर प्रदेश विशेषकर वाराणसी के विकास के लिए काफी काम किया है।

तीसरी बार सांसद चुने गए मनोज सिन्हा पूर्वी उत्तर प्रदेश और बिहार में काफी प्रभाव रखने वाले भूमिहार जाति से आते हैं। भूमिहार बिरादरी के प्रभाव का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि बिहार में करीब सात प्रतिशत जनसंख्या भूमिहार है। उत्तर प्रदेश के गाजीपुर, मऊ, बलिया, भदोही, आजमगढ़, वाराणसी, चंदौली में भूमिहार जाति का काफी प्रभाव है। इस तरह जातिगत समीकरण से भी मनोज सिन्हा काफी आगे हैं।
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