कांग्रेस ने मांग की है कि प्रतिबंधित कुकी राष्ट्रीय संगठन द्वारा भाजपा का समर्थन करने और मतदाताओं को धमकाने के लिए एक बयान जारी करने के बाद चुनाव आयोग को इस पर तुरंत कार्रवाई करनी चाहिए। कांग्रेस ने चुनाव आयोग को लिखे एक पत्र में कहा कि यह बयान आदर्श आचार संहिता का साफ उल्लंघन है और स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव सुनिश्चित करने के लिए सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए।
कांग्रेस ने कहा, मतदाताओ को धमकाया गया
चुनाव आयोग को भेजे ज्ञापन में कांग्रेस ने कहा है कि 25 फरवरी 2022 को प्रतिबंधित कुकी राष्ट्रीय संगठन के अध्यक्ष द्वारा जारी बयान मणिपुर में स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव के संचालन के लिए एक सीधा और स्पष्ट खतरा है। यह स्पष्ट रूप से लोगों को भाजपा को वोट देने के लिए धमकाता है, जो इसके निर्देशों का पालन नहीं करने वालों को गंभीर परिणाम भुगतने की चेतावनी देता है। कांग्रेस ने अपने ज्ञापन में आरोप लगाया कि यह बयान केंद्रीय गृह मंत्री और मणिपुर के मुख्यमंत्री की पूरी जानकारी और मिलीभगत से जारी किया गया है।
कांग्रेस मुख्य चुनाव आयुक्त और मुख्य चुनाव अधिकारी से इस जानबूझकर, खतरनाक और शैतानी बयान पर गंभीर और तुरंत ध्यान देने का आह्वान करती है। ज्ञापन में कहा गया है कि ऐसे कदम उठाए जाएं जिससे केएनओ के अध्यक्ष के बयान से फैला डर पूरी तरह से दूर हो जाए। मणिपुर के पूर्व मुख्यमंत्री ओकराम इबोबी सिंह और दो अन्य वरिष्ठ कांग्रेस नेताओं जयराम रमेश और सलमान खुर्शीद ने इस ज्ञापन में बयान जारी किया।
जयराम रमेश का मोदी-शाह पर निशाना
मणिपुर विधानसभा चुनावों के लिए पार्टी के वरिष्ठ पर्यवेक्षक जयराम रमेश ने प्रतिबंधित संगठन के कदम को आदर्श आचार संहिता का स्पष्ट उल्लंघन बताते हुए चुनाव आयोग से तत्काल कार्रवाई की मांग की। उन्होंने ट्विटर पर लिखा- आप आप क्रोनोलॉजी समझिए। 22.02.22: पीएम मणिपुर पहुंचे। 23.02.22: केंद्रीय गृह मंत्री मणिपुर पहुंचे। 25.02.22: प्रतिबंधित संगठन कुकी नेशनल ऑर्गनाइजेशन ने भाजपा का समर्थन करने और मतदाताओं को धमकाने वाला बयान जारी किया। यह आदर्श आचार संहिता का खुला उल्लंघन है। चुनाव आयोग को हस्तक्षेप करना चाहिए।