पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि मेरे मन में बस यही होता है कि लोग मुझे कभी गलत न समझें। कभी-कभी हमें फंड दिया जाता है, कभी-कभी नहीं दिया जाता। अभी सुनने में आ रहा है कि हमें 2024 तक कुछ नहीं दिया जाएगा। जरूरत पड़ी तो साड़ी का आंचल फैला कर माताओं के सामने भीख मांग लूंगी, लेकिन दिल्ली से भीख मांगने कभी नहीं जाऊंगी।
पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने बांग्ला नववर्ष की पूर्व संध्या पर बंगालवासियों को एक भव्य ऑडिटोरियम सौगात में दी। इस दौरान उन्होंने गुरुवार को जनता को संबोधित करते हुए ऐसा कुछ कहा, जिसकी चर्चा आज भी हो रही है। उन्होंने कहा कि हम अचानक ताज महल को खत्म नहीं कर देंगे। दरअसल, ममता पाठ्यक्रमों में बदलाव को लेकर केंद्र पर तंज कस रही थीं। उन्होंने भाजपा पर इतिहास के साथ छेड़छाड़ करने का आरोप लगाया।
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उन्होंने लोगों से कहा कि अगर आप मेरे साथ खड़े रहेंगे तो बहुत कुछ अच्छा होता रहेगा। मैं कुछ तोड़ुंगी नहीं। हम किसी की नौकरी नहीं लेंगे। हम अचानक ताजमहल को झुठलाएंगे नहीं। हम अचानक विक्टोरिया मेमोरियल से दूरी नहीं बनाएंगे। इतिहास तो इतिहास ही होता है। हममें से किसी में इतिहास को बदलने को ताकत नहीं है। यही वजह है कि भारत का इतिहास भारत की धरोहर-भारत का खजाना है।
भारत की धर्मनिरपेक्षता बंगाल का खजाना: ममता
उन्होंने कहा कि भारत की धर्मनिरपेक्षता बंगाल का खजाना है। अगर रामकृष्ण नहीं होते, तो यह नहीं होता। अगर स्वामी विवेकानंद नहीं होते, तो यह नहीं होता। अगर रवींद्रनाथ नहीं होते, तो यह नहीं होता और अगर नजरुल नहीं होते, तो यह नहीं होता। विद्यासागर से लेकर राजा राम मोहन राय तक कई अन्य की वजह से ही आज हम यहां हैं। आज हम इन सभी व्यक्तित्वों का सम्मान करते हैं।
...दिल्ली से भीख मांगने कभी नहीं जाऊंगी: बनर्जी
पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि मेरे मन में बस यही होता है कि लोग मुझे कभी गलत न समझें। कभी-कभी हमें फंड दिया जाता है, कभी-कभी नहीं दिया जाता। अभी सुनने में आ रहा है कि हमें 2024 तक कुछ नहीं दिया जाएगा। जरूरत पड़ी तो साड़ी का आंचल फैला कर माताओं के सामने भीख मांग लूंगी, लेकिन दिल्ली से भीख मांगने कभी नहीं जाऊंगी।
केंद्र पर साधती रही हैं निशाना
यह पहली बार नहीं है जब ममता ने केंद्र सरकार पर सीधा हमला बोला है। इससे पहले 29-30 मार्च को केंद्र पर फंड न जारी करने का आरोप लगाते हुए दो दिवसीय धरना प्रदर्शन किया था। उन्होंने कहा था कि जरूरत पड़ी तो मैं प्रधानमंत्री आवास के बाहर भी धरना देने से नहीं पीछे नहीं हटूंगी।