पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी (फाइल फोटो)
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पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने शुक्रवार को कहा, मेरी सरकार अक्तूबर में दुर्गा पूजा से पहले कॉलेज और विश्वविद्यालय के अंतिम वर्ष के छात्रों के लिए परीक्षा आयोजित करने के फायदे और नुकसान पर विचार-विमर्श कर रही है। उन्होंने सितंबर में जेईई और नीट परीक्षा आयोजित करने के फैसले के लिए केंद्र की आलोचना करते हुए कहा, हमने महामारी के कारण केंद्र सरकार से इसे स्थगित करने का आग्रह किया, लेकिन केंद्र अपने फैसले पर अड़ा है। केंद्र छात्रों के मन की बात सुनने के बजाय उपदेश देने में व्यस्त है।
उन्होंने कहा, केंद्र सरकार का इस पर अड़े रहने का रवैया कोविड -19 संकट को और बढ़ाएगा। ममता ने तृणमूल कांग्रेस छात्र परिषद की एक डिजिटल रैली को संबोधित करते हुए कहा, ऑनलाइन और ऑफलाइन परीक्षा दोनों के विकल्पों पर विचार किया जाना चाहिए। हम किसी भी परीक्षा के खिलाफ नहीं हैं। हम सिर्फ यह कह रहे हैं कि महामारी फैली हुई है और यह छात्रों की जान को जोखिम में डाल सकती है।