पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और केंद्र सरकार में चल रहे विवाद के बीच मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट ने राजीव कुमार को गिरफ्तारी से राहत दी है। लेकिन साथ ही कुमार को सीबीआई के सामने पेश होने को कहा गया है। कोर्ट के इस फैसले को एक तरफ ममता अपनी जीत बता रहीं हैं तो दूसरी ओर भाजपा अपनी जीत बता रही है।
सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि सीबीआई की अवमानना याचिका पर नोटिस जारी किया जाएगा। कोलकाता के कमिश्नर राजीव कुमार मेघालय के शिलांग में सीबीआई के समक्ष एक न्यूट्रल प्लेस पर पेश होंगे।
इसी दौरान मंगलवार को भाजपा ने ममता समेत अन्य विपक्षी पार्टियों पर निशाना साधा है। केंद्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद ने ममता समेत विपक्षी पार्टियों पर निशाना साधते हुए कहा है कि लाखों निवेशकों के साथ धोखा हुआ है और सब चुप क्यों हैं?
उन्होंने कहा है, "आज हमें पार्टी की ओर से बड़े सवाल पूछने हैं। लाखों छोटे निवेशकों के साथ धोखा हुआ है उनके पैसे लूटे गए हैं। क्या इसपर जांच कराना हमारा नैतिक दायित्व नहीं है? क्यों ममता जी इसपर चुप हैं? क्यों अन्य राजनीतिक दल इसपर चुप हैं?"
उन्होंने आगे कहा, "यह आदेश सुप्रीम कोर्ट ने साजिश के एंगल और धन शोधन एंगल की जांच के लिए दिया है। यह जांच निष्पक्ष तरीके से होनी चाहिए। आइए इसका राजनीतिकरण न करें। यह सीबीआई के लिए एक बड़ी राजनीतिक जीत है।"
ममता ने बताया अपनी जीत
वहीं दूसरी ओर सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद ममता का कहना है कि यह हमारी नैतिक जीत है। उन्होंने कहा, "मैं राजीव कुमार की वकालत नहीं कर रही हूं, मैं इस देश के करोड़ों लोगों के लिए प्रार्थना कर रही हूं।"
ममता बनर्जी ने कहा कि सीबीआई बनाम कोलकाता पुलिस आयुक्त और कुछ नहीं बल्कि राजनीतिक बदला था।
योगी पर बरसीं ममता
ममता बनर्जी ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पर भी तीखा प्रहार किया है। उन्होंने कहा है, "योगी से पहले उत्तर प्रदेश का ध्यान रखने को कहें। कई लोग मारे गए हैं, यहां तक कि पुलिस की भी हत्या हुई है, कई लोग भीड़ हिंसा का शिकार हुए हैं। यदि वह चुनाव लड़ते हैं तो खुद हार जाएंगे। उनके पास उत्तर प्रदेश में खड़े रहने के लिए कोई स्थान नहीं है इसी वजह से वह बंगाल में घूम रहे हैं।"