नागपुर से एक महिला को गिरफ्तार किया गया है। आरोप है कि महिला ने एक प्रॉपर्टी डीलर की हत्या की थी, महिला ने उसके प्राइवेट पार्ट पर वार किया था, जिस कारण से उसकी मौत हो गई थी। वहीं एक अन्य मामले में प्रेमी के मदद से भाई की हत्या करने के आरोप में महिला को गिरफ्तार किया गया।
हुडकेश्वर पुलिस स्टेशन में एक मामला दर्ज हुआ जिसमें 55 वर्षीय रविंद्र कुडवे का 19 अप्रैल का शव मिला। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से पता चला कि व्यक्ति की मृत्यु प्राइवेट पार्ट पर वार होने के कारण हुई। पुलिस को जांच में पता चला कि रविंद्र के एक महिला काजल के साथ संबंध थे। लेकिन महिला रविंद्र को छोड़ किसी और के साथ शादी करना चाहती थी। इसी कारण दोनों में विवाद हुआ। क्योंकि कागज रविंद्र से अपनी शादी का खर्चा उठाने का दबाव बना रही थी। 19 अप्रैल को उसने आकाश नगर के एक फ्लैट में रविंद्र को बुलाया, और वहां उसपर वार कर भाग गई। शनिवार को पुलिस ने महिला को गिरफ्तार किया है।
वहीं शराब के कारण एक हिंसा में अपने भाई की हत्या के आरोप में एक महिला, उसकी मां और दो अन्य को गिरफ्तार किया है। आशीर्वाद नगर निवासी रजत उघाड़े की गला घोंटकर हत्या कर दी गई। उसके बाद उसके शव को 16 अप्रैल को खिंडसी झील रामटेक में फेंक दिया। इसके बाद दो महिलाओं ने आकर उसकी गुमशुदा होने की शिकायत पुलिस में की। पुलिस ने छानबीन शुरू की। तब पता चला कि मृतक की बहन आभा तलाकशुदा है। मृतक अपनी मां और बहन के साथ रहता है। मृतक शराब के नशे में आए दिन उनके साथ हिंसक व्यवहार करता है। इससे दोनों मां-बेटी परेशान थी।
इसलिए दोनों ने मिलकर उसे मारने की साजिश रची। आभा ने अपने भाई को मारने के लिए अपने प्रेमी की मदद ली। प्रेमी अतुल ने अपने दोस्त पप्पू के साथ मिलकर इस घटना को अंजाम दिया। दोनों ने मिलकर रजत को शराब पिलाई, उसके बाद उसका गला घोंटकर उसको मार डाला। आभा के कहने पर उन्होंने रजत का शव झील में फेंक दिया। यही नहीं आभा ने रजत को मारने के लिए दस हजार रुपये भी दिए थे। पुलिस ने आभा, उसकी मां, अतुल और उसके दोस्त को गिरफ्ता कर लिया है। चारों से पूछताछ की जा रही है, आभा ने अपनी गुनाह कबूल कर लिया है। बता दें रजत के गुमशुदा की शिकायत लेकर आभा और उसकी मां ही गई थीं।
पत्नी को जलाने वाले पति को आजीवन कारावास
ठाणे जिले की एक अदालत ने एक युवक को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। आरोपी ने 15 साल पहले अपनी पत्नी को जलाकर मार डाला था। कल्याण अदालत के अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश आरजी वाघमारे ने 25 अप्रैल को केशव आत्माराम जाधव (55) को दोषी ठहराया। उन पर 10,000 रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
मुंबई में बाल तस्करी रैकेट का भंडाफोड़; डॉक्टर समेत सात गिरफ्तार
मुंबई पुलिस ने रविवार को बाल तस्करी रैकेट का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने पांच माह के एक मासूम और एक बच्चे की खरीद-फरोख्त में शामिल एक डॉक्टर सहित सात लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने बताया कि सूचना मिली थी कि विक्रोली निवासी वेरे ने कथित तौर पर पांच महीने के बच्चे को दो लाख रुपये में बेच दिया है। वेरे को गोवंडी से पकड़ा गया, जिसके बाद पुलिस ने डॉक्टर को गिरफ्तार किया, जिसने पांच माह के बच्चे को बेचने में मदद की थी। बच्चे को रत्नागिरी के गुहागर से बचाया गया। जांच के दौरान पता चला कि आरोपी ने दो साल की एक बच्ची को भी बेचा था। उसे भी बचा लिया गया है। गिरोह कथित तौर पर तेलंगाना और आंध्र प्रदेश में बच्चों की तस्करी में भी शामिल था।
आरोपियों में यह शामिल
- डॉ. सोपानराव खंडारे
- वनदाना अमित पवार
- शीतल गणेश वारे
- स्नेहा सूर्यवंशी
- नसीमा हनीफ खान
- लता सुरवाडे
- शरद मारुति देवार