महाराष्ट्र के एक सेशन कोर्ट ने बुधवार (29 नवंबर) को कोपर्डी रेप एंड मर्डर केस के तीनों अपराधियों को सजा-ए-मौत सुनाई है। दोषियों के नाम जितेंद्र बाबूलाल शिंदे, संतोष गोरख भावल और नितिन भेलम हैं।
अब मुंबई के करीब पहुंची मराठा आंदोलन की चिंगारी
क्या है मामला: 13 जुलाई 2016 को 15 साल की एक बच्ची का इन तीनों ने अहमदनगर जिले के कोपर्डी गांव में बलात्कार किया था और फिर उसे मार डाला था। पीड़ित की तरफ से कोर्ट में उज्ज्वल निकम ने कहा था कि यह दुर्लभ मामला है इसलिए तीनों को सजा ए मौत दी ही जानी चाहिए।
लड़की मराठा थी इसलिए घटना के बाद मराठाओं ने पूरे महाराष्ट्र में प्रदर्शन किए थे। उन लोगों ने इस घटना में न्याय के साथ-साथ काफी वक्त से लंबित पड़े आरक्षण के मुद्दे को भी हवा दी थी। मराठाओं द्वारा पढ़ाई और नौकरी में आरक्षण की मांग की गई थी।
इस मामले में अहमदनगर पुलिस ने 350 पन्नों की चार्जशीट फाइल की थी, इन लोगों को आईपीसी की धारा 302 (मर्डर), 376 (रेप) के साथ पोस्को एक्ट के तहत दोषी पाया गया था।