पूर्व ट्रेनी आईएएस अधिकारी पूजा खेडकर के पिता दिलीप खेडकर के खिलाफ पुणे पुलिस ने एफआईआर दर्ज की है। सरकारी काम में बाधा डालने के आरोप में दिलीप खेडकर के खिलाफ यह मामला दर्ज किया गया है। दरअसल तहसीलदार स्तर के एक अधिकारी ने पुणे के जिला अधिकारी से दिलीप खेडकर की शिकायत की थी। जिसके आधार पर यह कार्रवाई हुई है।
सरकारी काम में बाधा डालने का आरोप
एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि 'पूजा खेडकर की असिस्टेंट कलेक्टर के तौर पर तैनाती के दौरान दिलीप खेडकर ने कथित तौर पर तहसीलदार दीपक अकाडे के खिलाफ धमकी भरी भाषा का इस्तेमाल किया था। दिलीप खेडकर ने अपनी बेटी को केबिन आवंटित करने को कहा, जबकि प्रशासनिक कार्यों में उन्हें दखल देने का अधिकार नहीं था।' पुलिस अधिकारी ने बताया कि जिला प्रशासन की तरफ से शिकायत मिलने के बाद दिलीप खेडकर के खिलाफ आईपीसी की धाराओं 186, 504, 506 के तहत मामला दर्ज किया गया है। यह घटना जून महीने की है।
रिटायर्ड सरकारी अधिकारी हैं दिलीप खेडकर
दिलीप खेडकर भी एक रिटायर्ड सरकारी अधिकारी रहे हैं। दिलीप खेडकर की पत्नी और पूजा खेडकर की मां मनोरमा खेडकर के खिलाफ भी जमीन विवाद में मामला दर्ज किया गया था। मनोरमा खेडकर पर लोगों को धमकाने का आरोप है। दिलीप खेडकर भी उस मामले में आरोपी थे, लेकिन उन्हें अग्रिम जमानत मिल गई थी। मनोरमा को पुणे ग्रामीण पुलिस ने गिरफ्तार किया था, लेकिन फिलहाल वह जमानत पर बाहर हैं।
पूजा खेडकर के खिलाफ भी दर्ज है मामला
उल्लेखनीय है कि संघ लोक सेवा आयोग ने हाल ही में पूजा खेडकर के लोक सेवा आयोग के सलेक्शन को रद्द कर दिया था। साथ ही पूजा खेडकर के भविष्य में भी सभी परीक्षाओं में शामिल होने पर रोक लगा दी थी। पूजा खेडकर पर अपने संघ लोक सेवा आयोग की साल 2022 की परीक्षा के आवेदन में गलत जानकारी देने का आरोप है। दिल्ली में पूजा खेडकर के खिलाफ एफआईआर भी दर्ज हुई है। मामला दर्ज होने के बाद से ही पूजा खेडकर लापता हैं और उन्हें सार्वजनिक तौर पर नहीं देखा गया है। 2023 बैच की अफसर रहीं पूजा खेडकर पर पुणे में अपनी ट्रेनिंग के दौरान ताकत के गलत इस्तेमाल और विशेषाधिकार की मांग करने जैसे आरोप हैं।