महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजित पवार का आज सुबह विमान हादसे में निधन हो गया। इस घटना ने देश के राजनीतिक हलकों में हलचल पैदा कर दी है। इस मामले को लेकर पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में जांच की मांग की है।
मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया पर वायरल उन दावों का भी उल्लेख किया, जिनमें कहा जा रहा था कि अजित पवार राजनीतिक रूप से अलग राह अपनाने पर विचार कर रहे थे। उन्होंने कहा कि इन दावों के कारण कई तरह की अटकलें लगाई जा रही हैं।
ममता बनर्जी ने जोर देते हुए कहा कि पूरे मामले की निष्पक्ष और विश्वसनीय जांच के लिए सुप्रीम कोर्ट की निगरानी जरूरी है। उन्होंने यह भी कहा कि जांच एजेंसियों की स्वतंत्रता को लेकर सवाल उठ रहे हैं, इसलिए इस मामले में पारदर्शी जांच बेहद जरूरी है।
इससे पहले ममता ने एक्स पर इस घटना को लेकर संवेदन व्यक्त की। उन्होंने कहा कि अजित पवार के अचानक निधन से मैं गहरे सदमे और स्तब्ध हूं। महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री और उनके सहयात्रियों की आज सुबह बरामती में हुए भीषण विमान हादसे में मौत हो गई। इस खबर से मुझे गहरा दुख महसूस हो रहा है। मैं उनके परिवार, उनके चाचा शरद पवार जी, और दिवंगत अजित जी के सभी मित्रों और समर्थकों के प्रति अपनी संवेदनाएं व्यक्त करती हूं। इस घटना की उचित जांच की जानी चाहिए।
जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने भी इस घटना को लेकर गहरा दुख व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि एक प्रभावशाली नेता का इस तरह जाना देश के लिए बड़ी क्षति है। उन्होंने पूरे मामले में पारदर्शी और निष्पक्ष जांच की मांग की, ताकि विमान हादसे के कारणों का स्पष्ट पता चल सके।
अब्दुल्ला ने याद किया कि बॉम्बे में अपने कॉलेज के दिनों से मैं अजित दा को जानता हूं, जब मैं शरद पवार साहब और उनके परिवार के साथ वर्षा में रहता था। अजित दा एक सक्षम प्रशासक और कुशल राजनीतिक संगठनकर्ता थे, जिनकी कमी बहुत महसूस की जाएगी। मैं अपने पिता के साथ मिलकर शरद पवार साहब, सुप्रिया और पूरे परिवार के प्रति अपनी संवेदनाएं व्यक्त करता हूं।
आम आदमी पार्टी के सांसद संजय सिंह ने भी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि खबर बेहद दुखद है और इस मामले की गंभीरता से जांच होनी चाहिए। उन्होंने दिवंगत आत्मा की शांति और परिवार को इस कठिन समय में संबल मिलने की कामना की।
वहीं, बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव ने भी शोक व्यक्त करते हुए कहा कि बारामती में हुए विमान हादसे में अजित पवार के निधन की खबर अत्यंत दुखद है। उन्होंने ईश्वर से दिवंगत आत्मा को शांति और परिजनों व समर्थकों को इस अपूरणीय क्षति को सहने की शक्ति देने की प्रार्थना की। साथ ही उन्होंने हादसे की उच्च स्तरीय जांच की मांग भी की।
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि सभी लोग, सभी नेता, जरूरी कामों के लिए यात्रा करते रहते हैं। लेकिन हमने अहमदाबाद में कई बार देखा कि कैसे एक बड़ा विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया। यह एक छोटा विमान था; ऐसा क्यों हुआ? इसकी जांच होनी चाहिए। हम भी जांच की मांग करते हैं। उन्होंने कहा कि अजीत पवार ने जनता के लिए काम किया और उनके असामयिक निधन से सभी को दुख हुआ है।
समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव ने अतीत में हुई इसी तरह की घटनाओं का हवाला देते हुए कहा कि बनर्जी की मांग जायज थी। यादव ने कहा कि वह एक बड़े नेता थे, कई बार उपमुख्यमंत्री रह चुके थे और महाराष्ट्र के लोकप्रिय नेता थे। बनर्जी की मांग जायज रही होगी... पहले भी कई वीआईपी इसी तरह अपनी जान गंवा चुके हैं, इसलिए निष्पक्ष जांच होनी चाहिए ताकि दुर्घटना का कारण पता चल सके।
शिवसेना (यूबीटी) सांसद अनिल देसाई ने पवार के निधन को महाराष्ट्र के लिए एक बड़ी क्षति बताया और गहन जांच की मांग की। वहीं बीजेडी उपाध्यक्ष देबी प्रसाद मिश्रा ने कहा कि इस घटना की गहन जांच होनी चाहिए। देसाई ने कहा कि इसकी जांच होनी ही चाहिए क्योंकि इस तरह की घटनाएं लगातार हो रही हैं। हर कोई सोच रहा है कि ऐसा क्यों हो रहा है।
उन्होंने कहा कि एक तरफ चार्टर्ड विमानों की मांग बढ़ी है, निजी विमानों की संख्या बढ़ रही है, लेकिन साथ ही, दुर्घटना के बाद तकनीकी खराबी या अन्य कारणों की घटनाएं सामने आती हैं, जिनकी गहन जांच होनी चाहिए।
बनर्जी की टिप्पणियों के बारे में पूछे जाने पर, केंद्रीय मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू ने कहा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण और अनुचित है कि पवार के परिवार और उनसे जुड़े अन्य लोगों के शोक में होने के समय गंदी राजनीति खेली जा रही है।