पूर्व नौसेना प्रमुख एडमिरल लक्ष्मीनारायण रामदास ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के 'मोदीजी की सेना' वाली टिप्पणी पर चुनाव आयोग को खत लिखा है। 30 मार्च को गाजियाबाद में आयोजित एक रैली में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भारतीय सेना को 'मोदीजी की सेना' कहा था।
इस मामले में चुनाव आयोग ने भी डीएम से ऑडियो-वीडियो रिकॉर्डिंग की मांग की है। आयोग ने जिला निर्वाचन एवं जिलाधिकारी गाजियाबाद को निर्देश दिया कि वो मंगलवार की सुबह तक रविवार को हुई सीएम की सभा का वीडियो रिकॉर्डिंग मुहैया कराएं।
वहीं जिलाधिकारी रितु माहेश्वरी ने कहा कि सभा से जुड़ी ऑडियो-वीडियो रिकार्डिंग निकलवा ली गई हैं। निर्धारित समय अवधि में आयोग को उपलब्ध करा दी जाएंगी। आयोग ने योगी द्वारा सेना संबंधी दिए बयान पर आपत्ति जताई है।
दरअसल, सीएम ने रविवार को गाजियाबाद से भाजपा उम्मीदवार जनरल वीके सिंह की चुनावी सभा में कहा था कि पिछली सरकारों के समय आतंकियों को बिरयानी खिलाई जाती थी, लेकिन अब मोदी की सेना आतंकियों को गोली खिला रही है।
भारतीय सेना को मोदी की सेना बताने पर राजनीतिक दलों ने आपत्ति जताई। सपा, बसपा, कांग्रेस सहित अन्य विपक्षी दलों का कहना है कि चुनाव के समय सेना का राजनीतिकरण किया जा रहा है।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी एल वेंकटेश्वर लू ने विपक्षी दलों की आपत्ति के बाद गाजियाबाद के जिला निर्वाचन अधिकारी से रिपोर्ट तलब की।