तेजस्वी ने नीतीश और पीएम मोदी पर हमलावर होते हुए लिखा है कि बिहार जानता है कि धोखे से मतदाता का वोट हड़पने वाला, चोर दरवाजे से आज बिहार की कुर्सी पर बैठा है और मतदाता को झूठे सपने दिखाकर उसका जीवन तबाह करने वाला आज देश की कुर्सी पर बैठा है।
उन्होंने कहा है कि समाज में और देश में नफरत और अन्याय के जहर बूझे तीर चलाकर आप अपने चुनाव चिन्ह का इस्तेमाल कर रहें है। आपके फैलाए नफरत, अंहकार, द्वेष, अपराध, अन्याय, अत्याचार और गैर बराबरी के अंधेरों को मिटा कर, प्यार और भाईचारे की रौशनी फैलाकर हम अपने चुनाव चिन्ह का इस्तेमाल कर रहें हैं।
तेजस्वी ने बिहार के सीएम पर निशाना साधते हुए कहा कि याद रखियेगा, सत्य परेशान हो सकता है पराजित नहीं। हमारे पिता ही जनता की तरफ से बिहार पर हुए एक-एक अन्याय का हिसाब जनादेश के महाचोरों से लेंगे। झूठ, धोखे और अवसरवाद को उसकी सही जगह यानी अदालत के कठघरे और फिर जेल के सींखचों में पहुचाएंगे क्योंकि जेल जाने के असली हकदार आप हैं वो नहीं।
लोकतंत्र में जनता की अदालत सबसे बड़ी होती है। उनका हर फैसला हमें मंजूर है। हम लड़ेंगे, जीतेंगे और आगे बढ़ेंगे, लालटेन जलेगी, अँधेरे डरेंगे। ऐसी अभिव्यक्ति मेरे स्वभाव में नहीं है, लेकिन आपके झूठ का जवाब देना जरूरी था।
मालूम हो कि मंगलवार को भी तेजस्वी ने नीतीश कुमार निशाना साधते हुए कहा था कि लालू यादव जेल में रहेंगे या बाहर इसका फैसला अदालत करेगी ना कि नीतीश और मोदी।