फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

उमा भारती के बाद सुमित्रा महाजन ने भी की साध्वी प्रज्ञा से मुलाकात, जीत के लिए दीं शुभकामनाएं

Tue, 30 Apr 2019 11:42 PM IST
ललित फुलारा चुनाव डेस्क, अमर उजाला
विज्ञापन
सुमित्रा महाजन-साध्वी प्रज्ञा ठाकुर
विज्ञापन

लोकसभा स्पीकर सुमित्रा महाजन ने भोपाल से भाजपा प्रत्याशी साध्वी प्रज्ञा ठाकुर से मुलाकात की। सुमित्रा महाजन भोपाल स्थित भाजपा कार्यलय में साध्वी प्रज्ञा ठाकुर से गर्मजोशी से मिलीं और उन्हें जीत की शुभकामनाएं दी। इस मुलाकात के दौरान भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष प्रभात झा भी वहां मौजूद थे।

विज्ञापन


सुमित्रा महाजन ने कहा कि पूर्व में साध्वी प्रज्ञा के एबीवीपी में रहने के दौरान उनकी उनसे कई मुलाकातें हुई। इंदौर में भी साध्वी प्रज्ञा से उनकी कई मुलाकातें हुई। इसी वजह से उन्होंने पार्टी ऑफिस में साध्वी प्रज्ञा से मिलकर उन्हें लोकसभा चुनाव में जीत के लिए शुभकामनाएं दी हैं। हालांकि, इस मुलाकात के राजनीतिक कारण भी लगाए जा रहे हैं। इससे पहले उमा भारती भी साध्वी प्रज्ञा ठाकुर से मिल चुकी हैं। सुमित्रा ताई पार्टी के वरिष्ठ नेता कैलाश जोशी, बाबूलाल गौर और कैलाश जैन के स्वास्थ्य का हालचाल लेने के भोपाल आई थीं।

'मुंबई एटीएस की गिरफ्तारी के बाद से गायब हैं दिलीप पाटीदार, संदेह तो होगा ही'
सुमित्रा महाजन ने कहा कि मुंबई एटीएस की गिरफ्तारी के बाद से दिलीप पाटीदार गायब हैं। ऐसे में संदेह तो होगी ही। सुमित्रा ताई ने इस दौरान मुंबई हमले में शहीद हुए हेमंत करकरे को लेकर दिए अपने पूर्व के बयान पर भी स्पष्टीकरण दिया। उन्होंने कहा-मैंने हेमंत करकरे को लेकर कुछ नहीं कहा था। महाराष्ट्र एटीएस ने जब दिलीप पाटीदार सहित 5-6 लोगों को इंदौर से हिरासत में लिया तो मैंने इस कार्रवाई के बारे में जानना चाहा था लेकिन, मुझे जानकारी नहीं दी गई। मैं इंदौर की प्रतिनिधि होने के नाते यह जानकारी चाह रही थी। तब से दिलीप पाटीदार गायब हैं। ऐसे में कार्रवाई को लेकर संदेह तो होगा ही।

विज्ञापन

शहीद हेमंत करकरे को लेकर सुमित्रा महाजन ने दिया था ये बयान
बता दें कि इससे पहले सुमित्रा ताई ने हेमंत करकरे को लेकर बयान दिया था। उनका कहना था कि मुंबई एटीएस के प्रमुख के रूप में हेमंत करकरे की भूमिका संदेह से परे नहीं थी। उन्होंने कहा था कि हेमंत करकरे का ड्यूटी के दौरान निधन हुआ था इसलिए शहीद के तौर पर जाने जाएंगे। आठ बार इंदौर से सांसद रहीं सुमित्रा महाजन ने यह भी कहा था कि उनके पास कोई सबूत नहीं हैं, लेकिन उन्होंने सुना है कि कांग्रेस नेता और भोपाल से पार्टी के उम्मीदवार दिग्विजय सिंह करकरे के दोस्त थे। इसी वजह से मुख्यमंत्री रहते दिग्विजय के इशारे पर इंदौर से कई गिरफ्तारियां हुई थी।
विज्ञापन

 

 

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें