देश में लोकसभा चुनाव के चौथे चरण के मतदान के लिए हर कोई उत्साहित दिखा। चिलचिलाती गर्मी में भी लोग सुबह से ही अपने-अपने घरों से मतदान करने के लिए निकले। इस दौरान अमर उजाला भी अपने पाठकों को उनके संवैधानिक अधिकारों के प्रति जागरुक करने के लिए लगातार सक्रिय रहा।
अमर उजाला ने चुनावों के मद्देनजर वोट करो नाम से एक अभियान की शुरुआत की है, जिसके तहत लोगों से ज्यादा से ज्यादा संख्या में वोट करने की अपील की जा रही है। पिछले तान चरणों में अमर उजाला के इस अभियान को लोगों का भरपूर समर्थन मिला, लेकिन इस बार हमारी एक जागरुक पाठक ने बताया कि इस अभियान की पहुंच वहां तक है जहां आम तौर पर हमारी सोच नहीं जाती।
अमर उजाला की पाठक नियति अय्यर ने अपने चार साल के बेटे की तस्वीर साझा करते हुए बताया कि वो चेन्नई में रहती हैं। वो केवल वोट देने के लिए चेन्नई से उदयपुर आई हैं। परिवार वालों के बीच मतदान की चर्चा सुनकर उनके चार साल के बेटे औद्विक ने मासूमियत से सवाल किया कि क्या वो भी वोट डाल सकता है?
जब उसे यह बताया गया कि अभी उसकी उम्र वोट डालने लायक नहीं हुई है, तो उसने अपने हाथों से एक पोस्टर बना कर लोगों को मतदान जागरूकता संदेश दिया। औद्विक ने यह कहते हुए पोस्टर बनाया कि आज मैं मतदान को बढ़ावा दूंगा तभी तो कल को एक जिम्मेदार मतदाता बनूंगा।
औद्विक ने जो पोस्टर बनाया है वो सांकेतिक रूप से एक वोटर की उंगली को दिखाता है। पोस्टर पर लिखा है- आज नहीं हक मेरे पास, मेरा मत कल होगा खास। मतदान के प्रति अपने जागरुक बेटे की तस्वीर साझा करते हुए नियति ऐयर ने अपनी खुशी जताई है। अमर उजाला भी अपने ऐसे जागरुक, जिम्मेदार और सक्रिय पाठकों पर गर्व करता है।