मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और भोपाल से कांग्रेस प्रत्याशी दिग्विजय सिंह का कहना है कि मेरे शासन में साध्वी प्रज्ञा पर कोई मुकदमा नहीं था। उन्होंने 'अमर उजाला' से खास बातचीत में यह बात कही। दिग्विजय सिंह ने हेमंत करकरे पर दिए गए विवादित बयान को लेकर साध्वी प्रज्ञा पर हमला बोला। उन्होंने कहा, 'मुझे इस बात का दुख है कि जिस व्यक्ति ने इस देश के लिए प्राण न्यौछावर कर दिए उसके लिए अनगल बातें की जा रही हैं। यह बयान सोची-समझी रणनीति के तहत दिया गया है।'
दिग्विजय सिंह ने कहा कि हेमंत करकरे से उनकी फोन पर चर्चाएं होती थी लेकिन व्यक्तिगत मुलाकात नहीं थी। भोपाल से भाजपा प्रत्याशी साध्वी प्रज्ञा ठाकुर ने कहा था कि उन्होंने हेमंत करकरे को श्राप दिया था, इसलिए वह आतंकवादियों का शिकार बने। साध्वी ने उन पर खुद को प्रताड़ित करने का भी आरोप लगाया था। साध्वी के इस बयान की चौतरफा आलोचना हुई थी जिसे बाद में उन्होंने वापस ले लिया था और माफी भी मांगी थी। हेमंत करकरे मुंबई एटीएस के प्रमुख थे और 26/11 के मुंबई हमले में आतंकियों के हाथों शहीद हो गए थे।
दिग्विजय सिंह ने खुद का बताया पक्का हिंदू
दिग्विजय सिंह ने कहा कि मैं पक्का हिंदू हूं। धार्मिक हूं और धर्म का पालन करता हूं। मेरी मां भी बहुत धार्मिक थीं। मेरे पैतृक घर में सात मंदिर हैं। चार मंदिरों में अखंड ज्योत जलती है। मुझे इस बात का आश्चर्य होता है जब कोई मेरे हिंदू होने पर सवाल उठाता है।