कोरोना वायरस महामारी को फैलने से रोकने के लिए देशभर में लॉकडाउन कर दिया गया है। सड़के सुनसान पड़ी हैं और कामकाज ठप्प हो गया है। हालांकि, इस बीच एक सुकून भरी खबर भी है। दरअसल लॉकडाउन के कारण लोगों को घरों में रहना पड़ रहा है। गाड़ियों की आवाजाही पर रोक लग गई है और ज्यादातर कारखानें बंद हो चुके हैं। ऐसे में अब इसका असर पर्यावरण पर भी देखने को मिलने लगा है। प्रधानमंत्री की अपील के बाद लगाए गए जनता कर्फ्यू के बाद से ही देश के कई शहरों की हवा की क्वालिटी में जबरदस्त सुधार देखने को मिला है। जिन शहरों की एयर क्वालिटी इंडेक्स घतरे की घंटी बजा रही थी, आज वहां सांस लेना काफी आसान हो रहा है। ऐसे में आज हम आपको बताने जा रहे हैं कि जनता कर्फ्यू के बाद से देश के कई बड़े शहरों में AQI में कितना बदलाव आया है, तो डालते हैं एक नजर,
केन्द्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) की तरफ से बताया गया है कि शनिवार को देश के 101 मॉनिटर किए गए शहरों में से 35 शहर सांस लेने के लिए 'अच्छी' कंडीशन में हैं। विशेषज्ञ इस आंकड़े को अभूतपूर्व और अविश्वसनीय बता रहे हैं, जिनका कहना है कि साल 2014 में लॉन्च हुए राष्ट्रीय एयर क्वालिटी इंडेक्स को इतना बेहतर कभी नहीं देखा गया।
बारिश के एक दिन बाद यानी कि शनिवार को देश की राजधानी में AQI, 45 पर था। यानी कि सांस लेने के लिए राजधानी दिल्ली शनिवार को बिल्कुल साफ थी। पिछले साल के 18 अगस्त के बाद से यह पहला ऐसा समय था जब दिल्ली 'साफ हवा' की कैटेगरी में थी। वहीं, पिछले तीन से ज्यादा सालों में यह तीसरी बार था, जब दिल्ली की हवा इतनी साफ थी। इसके अलावा यह पहली बार था जब मानसून के महीनों के अलावा दिल्ली की हवा इतनी साफ थी।
दिल्ली
बंगलूरू
चेन्नई
हैदराबाद
कानपुर
कोलकाता
मुंबई
पुणे
नई दिल्ली का ITO एरिया जो 2 मार्च तक AIQ के सबसे खतरनाक लेवल में था, वहां 26 मार्च तक AQI, 213 पर आ गया है। वहीं, दिल्ली का लोधी रोड एरिया का AQI, 230 से घट कर 133 पर आ गया था।