भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान परिषद (इसरो) का कहना है कि आने वाली 3 जनवरी को चंद्रयान-2 की लांचिंग नहीं की जाएगी। इसरो का ये बयान ऐसे समय में आया है जब रविवार को चीन का अंतरिक्षयान चांगी चंद्रमा की कक्षा में पहुंच गया है। यह यान चंद्रमा पर ऐसी जगह लैंड करने वाला है जिसकी अभी तक कोई जांच पड़ताल नहीं की गई है।
एजेंसी पहले 2019 में इसे लांच करने वाली थी लेकिन डेट टलने के बाद कोई नई तारीख का ऐलान नहीं किया गया है। इसरो के चेयरमैन के सिवान का कहना है कि 2018 के आखिर में कई अन्य लांचिंग के चलते ये मिशन प्रभावित हुआ है। उन्होंने कहा कि वह अभी तारीख पर कुछ नहीं कहना चाहते लेकिन अगले 10-12 दिनों में इस बारे में फैसला लेंगे।
बता दें चांगी 4 यान और चंद्रयान-2 दोनों ही पहले चांद की सतह पर उतरना चाहते थे। अब चांगी यान पृथ्वी से दूर वाले हिस्से में उतरेगा। जबकि चंद्रयान-2 चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव पर उतरेगा। यह चांद का वो हिस्सा है जिसके बारे में अभी तक कोई पुख्ता जानकारी नहीं मिल पाई है।
पहले भी टल चुकी है चंद्रयान-2 की लांचिंग
चंद्रयान-2 की लांचिंग इससे पहले साल 2017 और फिर 2018 में टल चुकी है। इसरो इसे लांच करने की पूरी तैयारी कर रहा है। वहीं चीन की शिन्हुआ न्यूज एजेंसी का कहना है कि चांगी 4 जनवरी को योजना के अनुसार कक्षा में पहुंच गया है। चंद्रयान-2 के पास चंद्रमा के डार्क साइड में उतरने के लिए 16 फरवरी तक का समय है।