फॉर्मूला-ई रेस के मामले में बीआरएस नेता केटी रामा राव ने कहा है कि वह कानूनी रूप से उन आरोपों का सामना करेंगे जो उनके खिलाफ तेलंगाना के राज्यपाल द्वारा मंजूरी मिलने के बाद सामने आए हैं। राज्यपाल जिष्णु देव वर्मा ने विधायक रामा राव के खिलाफ मामला दर्ज करने की अनुमति दी है।
बीआरएस के कार्यकारी अध्यक्ष रामा राव ने एक्स पर एक पोस्ट में आरोप लगाया कि राज्य की कांग्रेस सरकार को केंद्र से कोई धन नहीं मिल सका, लेकिन वह उनके खिलाफ मामला दर्ज करने को उत्सुक है। उन्होंने कहा, 'मैं कानूनी रूप से इसका सामना करूंगा।'
विधानसभा में आरोपों पर चर्चा के लिए तैयार: रामा राव
मंगलवार शाम हैदराबाद में बीआरएस की बैठक में बोलते हुए, रामा राव ने कहा कि वह चल रहे शीतकालीन सत्र के दौरान विधानसभा में इन आरोपों पर चर्चा करने के लिए तैयार हैं, लेकिन पहले लोगों के मुद्दों पर बहस होनी चाहिए। इनमें कांग्रेस सरकार की छह चुनावी गारंटियां, किसानों, ऑटो चालकों और हस्तशिल्प श्रमिकों की समस्याएं शामिल हैं।
फॉर्मूला-ई रेस मामले में जांच करेगी एसीबी
बीआरएस नेता रामा राव ने कहा, 'आप (सीएम रेवंत रेड्डी) घोटाले कह रहे हैं। विधानसभा में बहस होने दीजिए। मैं विधानसभा में जवाब दूंगा। आप यह फॉर्मूला, वह फॉर्मूला कह रहे हैं। कोई भी फॉर्मूला हो, उस पर चर्चा होने दीजिए।'
आधिकारिक सूत्रों ने सोमवार को कहा कि राज्यपाल की मंजूरी के बाद, फॉर्मूला-ई रेस मामले में भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) जांच करेगी।
पिछले साल हैदराबाद में आयोजित की गई थी फॉर्मूला-ई रेस
बता दें कि पिछले बीआरएस शासन के दौरान रामा राव नगर प्रशासन मंत्री थे। पिछले साल उन्होंने हैदराबाद में फॉर्मूला-ई रेस की मेजबानी में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। इस रेस में कथित अनियमितताओं का आरोप लगा है। इस मामले को लेकर तेलंगाना सरकार ने नवंबर में राज्यपाल से रामा राव के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की अनुमति मांगी थी।
इस साल फरवरी में भी होनी थी रेस
हालांकि यह दौड़ इस साल फरवरी में भी होनी थी, लेकिन दिसंबर 2023 में कांग्रेस सरकार के सत्ता संभालने के बाद इसे रद्द कर दिया गया था।