कांग्रेस के कद्दावर नेता और केरल के पूर्व सीएम ओमन चांडी के निधन के बाद इस बात की अटकलें लगाई जा रही थीं कि पार्टी उनके निर्वाचन क्षेत्र पुथुपल्ली से किसे उम्मीदवार बनाएगी। लेकिन अटकलें शुरू होने के कुछ ही घंटे बाद केरल प्रदेश कांग्रेस कमेटी (केपीसीसी) प्रमुख के सुधाकरन ने रविवार को कहा कि उम्मीदवार अनुभवी नेता चांडी के परिवार से ही कोई होगा।
केपीसीसी के अध्यक्ष और सांसद सुधाकरन ने कहा कि उम्मीदवार कौन होना चाहिए इस पर अनौपचारिक चर्चा शुरू हो गई है और आधिकारिक तौर पर यह कुछ दिनों बाद शुरू होगी। उन्होंने कोच्चि में संवाददाताओं से बात करते हुए कहा कि इसमें कोई संदेह नहीं है कि उम्मीदवार चांडी के परिवार से ही कोई होगा। साथ ही केपीसीसी प्रमुख ने यह भी कहा कि कौन होगा इसका फैसला पार्टी नहीं बल्कि परिवार तय करेगा।
सुधाकरन ने यह भी कहा कि अगर केरल में सत्तारूढ़ एलडीएफ के मन में चांडी के प्रति कोई सम्मान है, तो उन्हें पुथुपल्ली निर्वाचन क्षेत्र से चुनाव लड़ने से बचना चाहिए। केरल के दो बार मुख्यमंत्री रहे ओमन चांडी ने बीते मंगलवार (18 जुलाई) को बंगलूरू के एक निजी अस्पताल में अंतिम सांस ली थी। वह 79 वर्ष के थे।
उन्होंने कहा, हमें (कांग्रेस) ऐसा अनुरोध करने की जरूरत नहीं है। अगर उनके मन में ओमन चांडी के लिए कोई सम्मान है तो उन्हें (एलडीएफ) ऐसा खुद ही करना चाहिए।
एलडीएफ समन्वयक ईपी जयराजन ने केपीसीसी प्रमुख के इस अनुरोध को ठुकरा दिया और कहा कि कांग्रेस ने भी पहले कभी ऐसा कोई कदम नहीं उठाया। जयराजन ने यह भी कहा कि चुनाव व्यक्तियों के बारे में नहीं है, यह एक राजनीतिक प्रकिया है और इसलिए वह केपीसीसी प्रमुख की मांग खारिज कर रहे हैं।
सुधाकरन ने कांग्रेस नेता चेरियन फिलिप के उस सोशल मीडिया पोस्ट से भी असहमति जताई, जिसमें उन्होंने चांडी के निधन से खाली हुई सीट पर उनके उत्तराधिकारी के रूप में मुख्य रूप से कांग्रेस नेता के बेटे चांडी ओमन के नाम पर जोर दिया था। केपीसीसी प्रमुख ने कहा, उनकी (फिलिप) ओर से यह सही नहीं था। मैंने उनसे इस बारे में बात की है और उन्हें यह बताया है।
फिलिप ने फेसबुक पर लिखे पोस्ट में कहा कि चांडी ओमन अपने पिता का स्थान लेने के लिए हर तरीके से योग्य हैं क्योंकि वह कांग्रेस की संस्कृति और अपने पिता के काम करने के तरीके को समझते हैं। वह अपनी कड़ी मेहनत और क्षमता के बल पर राष्ट्रीय तथा राज्य स्तर पर युवा कांग्रेस के नेता बने। उन्होंने चांडी की दोनों बेटियों आचु और मारिया की भी पैरवी की। फिलिप ने कहा कि अगर वे राजनीति में आना चाहती हैं, तो पार्टी उनका भी स्वागत करेगी। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि चांडी अपने बच्चों के सक्रिय राजनीति में लाने के पक्ष में नहीं थे और उन्हें लगता था कि परिवार का एक सदस्य ही राजनीति में पर्याप्त है।
कांग्रेस नेता और सांसद के मुरलीधरन ने कोझिकोड में कहा कि पुथुपल्ली सीट के लिए उपचुनाव की घोषणा होने के बाद पार्टी के उम्मीदवार पर तुरंत निर्णय लिया जाएगा और इस संबंध में कोई वाद-विवाद नहीं होगा। यह पूछे जाने पर कि क्या उम्मीदवार चांडी परिवार का कोई सदस्य होगा, इस पर मुरलीधरन ने कहा कि पार्टी फैसला करते वक्त सभी पहलुओं पर गौर करेगी।
आईयूएमएल के राष्ट्रीय महासचिव पीके कुन्हलीकुट्टी ने भी कहा कि उपचुनाव के लिए उम्मीदवार तय करने में कोई समस्या नहीं है। उन्होंने कहा, पुथुपल्ली औक केरल को ओमन चांडी द्वारा तय मानकों को ही जारी रखने का अधिकार है। कांग्रेस पार्टी यह तय करेगी कि किसे निर्वाचन क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करना चाहिए और इसमें कोई समस्या नहीं होगी। पार्टी द्वारा उम्मीदवार के चयन को लेकर कोई विवाद नहीं होगा।