पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का विमान चार मार्च को वाराणसी से लौटते समय हादसे का शिकार होने से बच गया था। इस मामले में कोलकाता हाईकोर्ट ने केंद्र सरकार से जवाब तलब किया है।
यूपी के वाराणसी में सपा के समर्थन में जनसभा के बाद वापस आते समय पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी का विमान दुर्घटनाग्रस्त होते-होते बचा था। इस मामले में कोलकाता हाईकोर्ट ने केंद्र सरकार से जवाब तलब किया है। इसकी जानकारी टीएमसी महासचिव कुणाल घोष ने दी है। कोर्ट ने कहा कि मुख्यमंत्री की फ्लाइट में हड़कंप कोई मजाक की बात नहीं है। इस दुर्घटना में डीजीसीए और संबंधित विभागों की क्या भूमिका है? केंद्र सरकार इस स्थिति को स्पष्ट करते हुए हलफनामा दाखिल करे।
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गौरतलब है कि मार्च के पहले हफ्ते में सीएम ममता बनर्जी ने वाराणसी की यात्रा की थी। वहां से वापस लौटते समय चार मार्च को उनका विमान दुर्घटनाग्रस्त होते-होते बचा था। कोलकाता हवाई अड्डे पर लैंड करते समय उनके विमान को एयर टर्बुलेंस का सामना करना पड़ा था। इस हादसे में उन्हें हल्की चोट भी आई थी।हादसे के बाद ममता बनर्जी ने एक बयान भी दिया था। उन्होंने बताया था कि उनके विमान के सामने एक दूसरा विमान आ गया था, लेकिन पायलट ने सूझबूझ दिखाते हुए एक बड़ी दुर्घटना होने से बचा लिया।
इसे लेकर राज्य सरकार ने को नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (डीजीसीए) से रिपोर्ट मांगी है। राज्य सरकार ने डीजीसीए से इसकी भी जानकारी मांगी थी कि क्या विमान जिस मार्ग पर उड़ान भर रहा था उसके लिए पूर्व अनुमति ली गई थी।