5.40 बजे लखनऊ के लोकभवन में मीटिंग शुरू हुई और 40 मिनट के बाद 6.30 बजे बैठक खत्म हुई। इस बैठक में भाजपा गठबंधन के सभी 325 विधायक पहुंचे। केंद्रीय पर्यवेक्षक वैंकया नायडू, ओम माथुर, केशव मौर्या, सुनील बंसल और भूपेंद्र यादव के पहुंचने के बाद मीटिंग शुरू हुई। जानिए 10 बड़ी बातें जिनके बाद योगी को प्रदेश का अगला सीएम चुना गया...
- मीटिंग शुरू होने से पहले ही लोकभवन के बाहर समर्थकों ने मोदी-योगी के नारे लगाए। विधायक दल की बैठक में वैंकया नायडू के भाषण के बाद योगी आदित्यनाथ के नाम पर प्रस्ताव रखा गया और इसके बाद उनके नाम पर मुहर ।लगाई गई।
-बैठक की शुरुआत में विधायकों से पूछा गया सब कोई किसके लिए सहमत है। योगी जी का नाम विधायकों की तरफ से रखा गया। इसके बाद सुरेश खन्ना की तरफ से औपचारिक प्रस्ताव रखा गया।
-योगी आदित्यनाथ का नाम आज सुबह के बाद से ही यूपी के सीएम पद के लिए चल रहा था। इससे पहले उनका नाम कहीं नहीं लिया जा रहा था। लखनऊ में समर्थकों का हुजूम योगी को सीएम बनाने की मांग को लेकर प्रदर्शन किया था।
- इसके बाद योगी को गोरखपुर से सीधे पहले दिल्ली बुलाया गया और फिर शाम को विधायक दल की बैठक में उनके नाम पर सहमति बन गई।
- इससे पहले मनोज सिन्हा का नाम सबसे आगे चल रहा था, लेकिन उन्होने खुद इसको इससे अलग कर लिया था।
- लखनऊ में प्रदेश भाजपा कार्यालय के बाहर शनिवार सुबह महंत आदित्यनाथ और प्रदेश अध्यक्ष केशव मौर्य के समर्थकों ने अपने-अपने नेता को मुख्यमंत्री बनाने के लिए नारेबाजी भी की थी।
- यूपी में दो डिप्टी सीएम बनाए जाने की भी चर्चा है। डिप्टी सीएम के लिए लखनऊ के मेयर दिनेश शर्मा और प्रदेश अध्यक्ष केशव मौर्य का नाम पर ऐलान हुआ है। अभी मंत्रिमंडल में कौन शामिल होगा इस पर चर्चा नहीं हुई है।