फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

जानिए, हज यात्रा के लिए कैसे मिलती है सब्सिडी, कहां-कहां खर्च होती है इसकी रकम?

Tue, 16 Jan 2018 06:17 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
विज्ञापन
विज्ञापन

केंद्र की मोदी सरकार ने मंगलवार को एक बड़ा फैसला लेते हुए हज के लिए दी जाने वाली सब्सिडी खत्म कर दी। सरकार ने कहा है कि अब यह पैसा मुस्लिम लड़कियों की शिक्षा पर खर्च होगा। इससे पहले सुप्रीम कोर्ट ने भी एक याचिका पर सुनवाई करते हुए कहा था कि इस सब्सिडी को खत्म कर मुस्लिमों की शिक्षा पर खर्च किया जाना चाहिए।

विज्ञापन


बता दें कि हज यात्रा के लिए दी जाने वाली सब्सिडी को लेकर पहले भी तमाम सवाल उठाए जाते रहे हैं कुछ मुस्लिम संगठन खुद भी सब्सिडी का विरोध करते रहे हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि इस सब्सिडी को कैसे, किन्हें और क्यों दिया जाता है? नहीं तो हम आपको बताते हैं कि हज के लिए दी जाने वाली सब्सिडी का इस्तेमाल कैसे और कहां होता रहा है।

हर वर्ष भारत से हजारों मुसलमान सऊदी अरब हज के लिए जाते हैं। हाजियों की यात्रा के खर्च का कुछ हिस्सा सरकार सब्सिडी के रूप में मुहैया कराती है। पहले लोग मक्का पानी के जहाज से जाते थे, लेकिन साल 1995 से समुद्री मार्ग की यह यात्रा बंद है।
विज्ञापन


हज सब्सिडी पर सरकार का खर्चा सबसे पहले शुरू होता है हवाई यात्रा से। जहां हाजियों को सऊदी अरब तक आने-जाने के लिए हवाई यात्रा खर्च 55 से 60 हजार रुपए आता है इसमें से सिर्फ 12 हजार रुपये हज जाने वाले को देने होते हैं बाकी रकम सरकार सब्सिडी के रूप में भुगतान करती है। सरकारी एयरलाइन कंपनी एयर इंडिया को इसका जिम्मा सौंपा जाता रहा है, लेकिन कई हाजियों ने इसका विरोध करते हुए कहा था कि प्राइवेट एयरलाइन कंपनी यह काम 15 से 20 हजार रुपए में ही कर रही हैं।


इसके अलावा सरकार ने हाजियों की दो कैटिगरी (ग्रीन और अजीजिया) निर्धारित कर रखी हैं। इस बार सरकार ने ग्रीन कैटेगरी के लिए अधिकतम 2,39,600 रुपये तय किए, वहीं अजीजिया कैटेगरी के लिए ये रकम 2,06,200 रुपये थी। वहीं एयर-फेयर की वजह से हर राज्य का खर्च अलग-अलग होता है। खाने-पीने पर हाजियों को खुद ही खर्च करना पड़ता है। 

सऊदी अरब ने तय किया है हाजियों का कोटा
सऊदी अरब ने हर देश का एक कोटा तय कर रखा है कि जो हर साल अपने यहां से कितने हाजी भेज सकते हैं। सबसे बड़े मुस्लिम देश इंडोनेशिया को सबसे ज्यादा 2,20,000 हाजियों का कोटा दिया गया है। इसके बाद पाकिस्तान (11 फीसदी), भारत (11फीसदी) और बांग्लादेश (8 फीसदी) की बारी आती है।

भारत से कितने हज यात्री
अल्पसंख्यक मंत्रालय ने कहा कि मौजूदा समय में कुल 1.75 लाख भारतीय नागरिक हज पर जा सकते हैं। लेकिन हाल ही में सऊदी अरब ने हज कोटा में 5,000 की वृद्धि की है।

किस राज्य में कितनी है हाजियों की संख्या
उत्तर प्रदेश में साल 2017 में सबसे ज्यादा 29,017 हाजियों को पवित्र यात्रा हज पर जाने का मौका मिला था। तो वहीं दूसरे स्थान पर गुजरात था जहां से 10,877 हाजियों को मौका मिला। वहीं सबसे कम हरियाणा के 1343 हाजियों को हज यात्रा पर जाने का मौका मिला।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें