ओडिशा के भुवनेश्वर के कलिंगा इंस्टीट्यूट ऑफ इंडस्ट्रियल टेक्नोलॉजी (केआईआईटी) के हॉस्टल में नेपाली छात्रा की खुदकुशी का मामला गरमा गया है। मंगलवार को जहां एक ओर विधानसभा में इस मुद्दे को विपक्ष ने उठाया है। वहीं ओडिशा सरकार ने मंगलवार को एक उच्च स्तरीय तथ्य अन्वेषण समिति का गठन किया है, जिसमें गृह विभाग के अपर मुख्य सचिव, महिला एवं बाल विकास विभाग के प्रमुख सचिव और उच्च शिक्षा विभाग के आयुक्त-सह-सचिव शामिल हैं।
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छात्रों में आक्रोश, न्याय और पारदर्शिता की मांग
इस दुखद घटना के बाद छात्रों में व्यापक आक्रोश फैल गया है। वे कॉलेज प्रशासन से न्याय और पारदर्शिता की मांग कर रहे हैं। प्रदर्शनकारी छात्रों ने स्वतंत्र छात्र संगठन की स्थापना की मांग की है, जो छात्रों के अधिकारों और हितों की रक्षा कर सके। उन्होंने अपनी सुरक्षा को लेकर भी चिंता जताई है।
एक नेपाली छात्र ने कहा, हम केवल एक स्वतंत्र छात्र संगठन चाहते हैं, जो कॉलेज प्रशासन से स्वतंत्र होकर हमारी रक्षा कर सके... हमें पारदर्शिता चाहिए कि आखिर ऐसी घटनाएं क्यों हो रही हैं... अगर एक अंतरराष्ट्रीय छात्रा के साथ ऐसा हुआ, तो भविष्य में हमारे साथ भी हो सकता है ।
16 फरवरी को छात्रा की संदिग्ध मौत, साथी छात्र गिरफ्तार
16 फरवरी को तीसरे वर्ष की बीटेक छात्रा अपने छात्रावास के कमरे में मृत पाई गई थी। इसके बाद, नेपाली छात्रों ने विरोध प्रदर्शन करते हुए दावा किया कि पीड़िता को उसके साथी छात्र द्वारा परेशान किया जा रहा था और उन्होंने न्याय की मांग की। भुवनेश्वर-कटक पुलिस आयुक्तालय के अनुसार, इस मामले में आरोपी छात्र अद्विक श्रीवास्तव को 17 फरवरी को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।
पुलिस की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि मामले की जांच जारी है, जिसमें दस्तावेजों और इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों को जब्त कर साक्ष्य के रूप में उपयोग किया जा रहा है। पुलिस सभी छात्रों, विशेष रूप से नेपाली छात्रों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है।
नेपाली राजदूत और प्रधानमंत्री की प्रतिक्रिया
इस घटना को लेकर नेपाल के भारत में राजदूत शंकर पी शर्मा ने केआईआईटी के संस्थापक अच्युत सामंत से टेलीफोन पर बातचीत की। नेपाल के प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली ने भी इस घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि उनकी सरकार इस मामले को लेकर सतर्क है और भारत के साथ इसे कूटनीतिक माध्यमों से उठा रही है।
ओली ने अपने फेसबुक पोस्ट में कहा, मीडिया और सोशल मीडिया के माध्यम से हमें जानकारी मिली है कि ओडिशा के केआईआईटी विश्वविद्यालय के छात्रावास में एक नेपाली छात्रा की मौत हो गई है और नेपाली छात्रों को जबरन छात्रावास से निकाला गया है।