मुंबई के घाटकोपर विस्फोट मामले के संदिग्ध ख्वाजा यूनुस की कथित तौर पर हिरासत में मौत के मामले में आरोपी चार पुलिस कर्मियों की नौकरी बहाल करने का मामला अदालत पहुंच गया है। इस मामले में ख्वाजा यूनुस की मां आसिया बेगम ने मुंबई के पुलिस आयुक्त परमबीर सिंह के खिलाफ बॉम्बे हाईकोर्ट में अवमानना याचिका दायर की है। याचिका में अदालत से राज्य सरकार और पुलिस को पांच जून 2020 के उनकी बहाली के आदेश को वापस लेने और चारों को निलंबित रखने की भी मांग की गई है।
आसिया बेगम ने याचिका में कहा है कि पुलिस कर्मियों की बहाली जानबूझ कर की गई। साल 2004 में दिए आदेश में हाईकोर्ट ने राज्य सरकार को चार पुलिसकर्मियों को तत्काल निलंबित करने और उनके खिलाफ अनुशासनात्मक जांच शुरू करने का आदेश दिया था, क्योंकि प्रथम दृष्टया उनके अपराध में शामिल होने के संकेत मिले थे।
याचिका के अनुसार चारों पुलिसकर्मी 2003-2004 से निलंबित हैं। शिवसेना के महाराष्ट्र में सत्ता में आने के बाद जून 2020 में समीक्षा समिति ने निलंबन के आदेश की समीक्षा की और उनकी बहाली का सुझाव दिया।