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'मलप्पुरम के खिलाफ कुछ सांप्रदायिक नहीं कहा': विवाद के बाद बैकफुट पर सीपीआई (एम); मुस्लिम लीग ने क्या कहा?

Sun, 04 Oct 2026 02:08 PM IST
अमन मौर्या पीटीआई, तिरुवनंतपुरम, केरलम

सार

सीपीआई (एम) नेता नंदकुमार के बयान पर विवाद के बाद एम.वी. गोविंदन ने सफाई दी कि पार्टी ने मलप्पुरम जिले के खिलाफ कोई सांप्रदायिक टिप्पणी नहीं की है। वहीं मंत्री शाजी ने इस टिप्पणी की कड़ी निंदा की।
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सीपीआई (एम) के राज्य सचिव एमवी गोविंदन - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
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विस्तार
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सीपीआई (एम) के राज्य सचिव एम.वी. गोविंदन ने रविवार को मलप्पुरम जिले को लेकर एक अहम टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि पार्टी ने मलप्पुरम जिले के बारे में कभी कोई सांप्रदायिक टिप्पणी नहीं की है। उन्होंने कहा कि पार्टी ने सिर्फ इस बात की आलोचना की है कि कैसे सांप्रदायिकता ने इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग जैसी राजनीतिक पार्टियों की विचारधारा को प्रभावित किया है। पत्रकारों से बात करते हुए गोविंदन ने साफ किया कि पार्टी का मानना है कि मलप्पुरम और केरल में जमात-ए-इस्लामी के प्रभाव के कारण इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग (आईयूएमएल) के सदस्यों को सांप्रदायिकता की ओर धकेला जा रहा है।
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सीपीआई (एम) नेता ने क्या कहा?
उनका यह स्पष्टीकरण सीपीआई (एम) नेता और पूर्व विधायक पी. नंदकुमार द्वारा पार्टी के एक कार्यक्रम में मलप्पुरम जिले को कथित तौर पर कट्टरपंथ और सांप्रदायिकता का गढ़ बताए जाने के एक दिन बाद आया है। उन्होंने कहा कि हमने इसी बात की आलोचना की है और यही पार्टी का रुख है। हमने जिले के खिलाफ कुछ नहीं कहा है। उन्होंने बताया कि मलप्पुरम भारतीय स्वतंत्रता संग्राम का हिस्सा था और इसमें सभी धर्मों के लोगों ने हिस्सा लिया था। यह कथित टिप्पणी नंदकुमार द्वारा शनिवार को सीपीआई (एम) जिला समिति की एक विस्तारित बैठक में भाषण के दौरान की गई। इस बैठक में विपक्ष के नेता पिनाराई विजयन सहित पार्टी के वरिष्ठ नेता शामिल हुए थे।
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मुस्लिम लीग ने किया पलटवार
इस बीच, राज्य के स्थानीय स्वशासन मंत्री के.एम. शाजी ने सवाल उठाया कि किसी इलाके में किसी पार्टी के राजनीतिक प्रभाव के कारण उस जगह को बुरा कैसे कहा जा सकता है। उन्होंने पूछा कि क्या कन्नूर जिले को सिर्फ इसलिए हिंसा वाली जगह माना जा सकता है क्योंकि वहां सीपीआई (एम) का काफी प्रभाव है? उन्होंने पत्रकारों से कहा कि कन्नूर एक ऐसी जगह है जहां बहुत सारे अच्छे लोग रहते हैं। नंदकुमार की टिप्पणियों का जिक्र करते हुए शाजी ने कहा कि इससे पता चलता है कि वामपंथी पार्टी सुधार नहीं करना चाहती और बेहतर बनने की कोशिशों को पार्टी के ही सदस्य नाकाम कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह एक गलत टिप्पणी थी। यह सही नहीं है। यह न केवल किसी जगह, बल्कि एक समुदाय को भी निशाना बनाकर की गई थी। यह गलती से नहीं कहा गया था। यह उनकी अंदरूनी सोच को दर्शाता है। पुलिस के अनुसार, मुस्लिम यूथ लीग समेत कई संगठनों ने नंदकुमार की टिप्पणी को लेकर उनके खिलाफ शिकायतें दर्ज कराई हैं।
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