स्कूल-कॉलेजों में छुट्टी, परीक्षा स्थगित कर दी गई है जबकि पूरे राज्य में विद्युत आपूर्ति, संचार प्रणाली, पेयजल आपूर्ति बाधित है। कासरगोड़ को छोड़कर बाकी सभी जिलों में स्कूल-कॉलेजों में छ़ुट्टी घोषित कर दी गई है। स्कूल और कॉलेजों ने अपनी परीक्षाएं स्थगित कर दी हैं। कोझिकोड और करीपुर में 13 सेमी, कोच्चि में 24 घंटे में 11 सेमी बारिश हुई है। अभी तक 20 हजार घर, 10 हजार किमी सड़कें बर्बाद हो चुकी हैं। बीते 7 दिन में राज्य में सामान्य से 257% ज्यादा बारिश हो चुकी है। एक अनुमान में बता 6800 करोड़ के नुकसान हो चुका है। केंद्र ने 350 करोड़ रुपए सहायता राशि के तौर पर दिए हैं। जबकि मुख्यमंत्री पी विजयन ने पीएम नरेंद्र, गृहमंत्री राजनाथ से मदद बढ़ाने की गुहार लगाई है।
कोच्चि समेत 3 जिले पहली बार बाढ़ की चपेट में है। कोच्चि एयरपोर्ट को भी 10 दिनों के लिए बंद कर दिया गया है। बताया जा रहा है कि 94 साल बाद यहां भीषण बाढ़ आई है।
बाढ़ और भूस्खलन के बाद अब नौ जिलों में तूफान का खतरा
मौसम विभाग ने राज्य के 12 जिलों में भारी बारिश की चेतावनी दी है। इसके अलावा तिरूअनंतपुरम, कोल्लम, अलप्पुझा, पथनमथित्ता, कोट्टयम, इडुक्की, एर्नाकुलम, त्रिशूर, कोझिकोड में तूफान की आशंका जताई है। हवाओं की रफ्तार 60 किमी या उससे ज्यादा रहेगी। राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया केंद्र (एनईआरसी) ने बताया- केरल में मानसूनी घटनाओं में 29 मई से अब तक 256 मौतें हो चुकी है। 132 लोगों को एयरलिफ्ट किया गया है जबकि एयरक्राफ्ट हैंगर राहत कैंप बनाया गया है।