Sabarimala Gold Loss Case: सबरीमाला मंदिर में सोने की चोरी के मामले को लेकर राजनीति चरम पर है, इस कड़ी में वरिष्ठ कांग्रेस नेता रमेश चेन्निथला ने सीएम विजयन पर बड़ा आरोप लगाया है। उन्होंने दावा किया है कि सीएम विजयन इस चोरी के आरोपियों को बचाने की कोशिश कर रहे हैं।
सबरीमाला मंदिर में सोना चोरी होने के मामले को लेकर केरल में राजनीति तेज हो गई है। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता रमेश चेन्निथला ने केरल के मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री, इस मामले में आरोपी लोगों को बचाने की कोशिश कर रहे हैं। चेन्निथला ने कहा कि यह घटना केवल चोरी नहीं, बल्कि लाखों अयप्पा भक्तों की भावनाओं पर चोट है। उन्होंने कहा कि सरकार इस मामले में 'सबसे बड़ी आरोपी' है, क्योंकि यह घटना सरकारी निगरानी वाले त्रावणकोर देवस्वोम बोर्ड (टीडीबी) में हुई।
'आरोपियों के पीछे राजनीतिक समर्थन'
इस मामले में टीडीबी के दो पूर्व अध्यक्ष, ए. पद्मकुमार और एन. वासु, को विशेष जांच दल (एसआईटी) ने पहले ही गिरफ्तार किया है। लेकिन चेन्निथला का दावा है कि वे अकेले यह काम नहीं कर सकते थे। उन्होंने कहा, 'अगर ये आरोपियों ने सोना गायब किया है, तो उनके पीछे राजनीतिक समर्थन था।
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कांग्रेस नेता ने विवादित बयान का किया जिक्र
रमेश चेन्निथला ने एक विवादित बयान का जिक्र किया जिसमें पद्मकुमार ने कहा था कि इस मामले में एक 'भगवान जैसा व्यक्ति' शामिल है। इस पर टिप्पणी करते हुए चेन्निथला ने कहा कि 'मार्क्सवादी पार्टी में 'भगवान जैसा' व्यक्ति कौन है? पिनाराई विजयन के अलावा कोई नहीं।'
रमेश चेन्निथला ने पूछा- मंत्रियों तक क्यों नहीं पहुंच रही जांच
उन्होंने आरोप लगाया कि जांच केवल निचले अधिकारियों तक सीमित है और मंत्रियों तक नहीं पहुंच रही क्योंकि उन्हें मुख्यमंत्री का संरक्षण मिला हुआ है। चेन्निथला ने यह भी कहा कि राज्य में आम लोगों में काफी चिंता है। कई भक्तों ने सोना, चांदी और कीमती सामग्री श्रद्धा से मंदिर में चढ़ाई है, लेकिन अब उन्हें भरोसा नहीं कि वह सुरक्षित है। उन्होंने एक उदाहरण देते हुए कहा कि उनके क्षेत्र के एक भक्त को चिंता है कि उनके द्वारा चढ़ाए गए सोने के बर्तन मंदिर में अब भी हैं या चोरी हो चुके हैं।
सबरीमाला मंदिर में सोना गायब होने का मामला पिछले काफी समय से विवाद में है। एसआईटी जांच कर रही है और कई गिरफ्तारियां हो चुकी हैं, लेकिन मामला अभी भी राजनीतिक तकरार और सवालों के घेरे में है।