करतारपुर कॉरिडोर पर पहली बार द्वीपक्षीय बैठक करने के लिए पाकिस्तान का एक प्रतिनिधिमंडल 13 मार्च को भारत आएगा। वह यहां आकर सीमापार तीर्थ यात्रा के लिए तौर तरीके पर चर्चा करेगा। पाकिस्तान ने भारतीय प्रतिनिधिमंडल द्वारा 15 दिनों के बाद मसौदा समझौते को अंतिम रूप देने के लिए एक पारस्परिक यात्रा का प्रस्ताव रखा है।
गुरदासपुर सीमा से 4 किलोमीटर दूर नरोवल में स्थित दरबार साहिब करतारपुर गुरुद्वारा में सिख तीर्थयात्रियों की यात्रा को सुविधाजनक बनाने के लिए बैठक आयोजित की जाएगी। पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता मोहम्मद फैजल ने ट्विटर पर लिखा, 'रचनात्मक जुड़ाव के लिए पाकिस्तान ने भारत को प्रस्ताव दिया है कि पाकिस्तान का एक प्रतिनिधिमंडल 13 मार्च को भारत की यात्रा पर आएगा। जिसके बाद भारत का प्रतिनिधिमंडल 28 मार्च को पाकिस्तान आएगा ताकि करतारपुर कॉरिडोर के मसौदे को अंतिम रूप दिया जा सके।'
विदेश मंत्रालय के आधिकारिक प्रवक्ता रवीश कुमार ने ट्विटर पर लिखा, 'हम 13 मार्च 2019 को भारत के करतारपुर साहिब कॉरिडोर के माध्यम से तीर्थयात्रियों की यात्रा को सुविधाजनक बनाने के लिए चर्चा करने और मसौदे को अंतिम रूप देने के लिए पाकिस्तान की टीम का स्वागत करते हैं। जरूरत के अनुसार फालोअप बैठक पाकिस्तान में होगी।'
भारत ने पाकिस्तान से कहा है कि वह यात्रा के तौर-तरीकों पर बातचीत का इंतजार किए बिना दोनों तरफ के इंजीनियर के साथ तकनीकी स्तर की वार्ता करे। कुमार ने लिखा, 'हमें उम्मीद है कि पाकिस्तान क्रॉसिंग पॉइंट के निर्देशांक का सकारात्मक रूप से जवाब देगा और पुष्टि करेगा।' यह कदम ऐसे समय पर सामने आया है जब नई दिल्ली ने पाकिस्तान के प्रतिनिधिमंडल की यात्रा के लिए फरवरी और मार्च में दो तारीखों का प्रस्ताव दिया था।