फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Karnataka: 'चांद पर जाना है तो...', छात्रों से बोले कैप्टन शुभांशु शुक्ला; CM सिद्धारमैया से भी की मुलाकात

Tue, 25 Nov 2025 04:00 PM IST
हिमांशु चंदेल न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बंगलूरू

सार

CM Siddaramaiah met Captain Shubhanshu Shukla: बंगलूरू में छात्रों से संवाद के दौरान गगनयान यात्री शुभांशु शुक्ला ने कहा कि भारत 2040 तक चांद पर भारतीय को उतारने और अपना अंतरिक्ष स्टेशन बनाने की तैयारी कर रहा है। उन्होंने छात्रों को चुनौती दी कि चांद पर कदम रखने के लिए उन्हें उनके साथ मुकाबला करना पड़ेगा।
विज्ञापन
सीएम सिद्धारमैया और कैप्टन शुभांशु शुक्ला - फोटो : X- @ANI (वीडियो ग्रैब)
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

भारत के गगनयान मिशन की तैयारियों के बीच भारतीय वायु सेना के ग्रुप कैप्टन और गगनयान यात्री शुभांशु शुक्ला ने छात्रों को प्रेरक संदेश दिए। बंगलूरू में आयोजित एक कार्यक्रम में उन्होंने कहा कि देश अब सिर्फ अंतरिक्ष तक पहुंचने का सपना नहीं देख रहा, बल्कि अपना स्पेस स्टेशन बनाने और चांद पर भारतीय को उतारने की दिशा में बड़े कदम उठा रहा है। शुक्ला ने छात्रों से कहा कि यह समय भारत के लिए ऐतिहासिक है और आने वाला समय उनके लिए अवसरों से भरा होगा।

विज्ञापन


शुक्ला ने बातचीत में साफ कहा कि देश की नजर 2040 तक चांद पर भारतीय की लैंडिंग पर है और इसके लिए जिस भी युवा को जाना होगा, उसे उनके साथ मुकाबला करना पड़ेगा। उन्होंने मजाकिया लेकिन गंभीर अंदाज में कहा कि वह अभी मौजूद हैं, इसलिए चांद पर कदम रखने की दौड़ में छात्रों को उन्हें पीछे छोड़ना होगा। उन्होंने बताया कि भारत की मानव अंतरिक्ष यात्रा नीति 2023 में तैयार हुई थी, जिसमें गगनयान और भविष्य के मानव मिशनों का स्पष्ट रोडमैप तय किया गया है।

गगनयान होगा देश का पहला मानव मिशन- शुभांशु
गगनयान भारत का पहला मानव अंतरिक्ष अभियान है, जिसकी तैयारी तेज चरण में है। शुक्ला ने कहा कि यह ऐतिहासिक क्षण है क्योंकि देश पहली बार अपनी भूमि से, अपने लॉन्च व्हीकल पर, अपनी ही कैप्सूल में अंतरिक्ष यात्रियों को भेजने जा रहा है। उन्होंने कहा कि यह भारत की तकनीकी क्षमता, आत्मनिर्भरता और बढ़ते अंतरिक्ष महत्वाकांक्षा का प्रमाण है। छात्रों को उन्होंने बताया कि यह मिशन सिर्फ तकनीकी उपलब्धि नहीं, बल्कि देश की सोच को नए स्तर पर ले जाने वाला कदम है।
विज्ञापन


ये भी पढ़ें- हमास की तरह साजिश रच रहा था आतंकी मॉड्यूल, जिहादी फौज में शामिल करने के लिए होते थे तीन इम्तेहान

भारतीय स्पेस स्टेशन की तैयारी
शुक्ला ने कहा कि भारत अपना खुद का भारतीय अंतरिक्ष स्टेशन बनाने की तैयारी में है। उन्होंने बताया कि इस परियोजना पर चर्चा चल रही है और आने वाले वर्षों में इसका निर्माण शुरू होगा। यह स्टेशन भारत को अंतरिक्ष में दीर्घकालिक उपस्थिति देगा। उनके अनुसार, यह योजना भारत को उन चुनिंदा देशों की श्रेणी में ला देगी जो अंतरिक्ष में स्थायी वैज्ञानिक शोध करने की क्षमता रखते हैं। उन्होंने कहा कि यह सिर्फ विज्ञान का विस्तार नहीं, बल्कि भारत की वैश्विक पहचान को अगले स्तर पर ले जाने वाला कदम है।

छात्रों को किया प्रोत्साहित
छात्रों से बातचीत में शुक्ला ने उत्सुकता जताई कि चांद की सतह पर पहला भारतीय पुरुष होगा या महिला। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में देश के युवा ही इसका फैसला करेंगे। उन्होंने छात्रों को चुनौती देते हुए कहा कि चांद पर उतरने के लिए उन्हें कड़ी मेहनत, अनुशासन और दृढ़ निश्चय की जरूरत होगी। शुक्ला ने कहा कि अंतरिक्ष क्षेत्र में युवाओं की बढ़ती दिलचस्पी देखकर उन्हें गर्व होता है और वह हर भविष्य परियोजना में शामिल रहने को तैयार हैं।
विज्ञापन


युवाओं की जिम्मेदारी
शुक्ला ने कहा कि भारत के 'विकसित भारत 2047' के सपने को पूरा करने में युवाओं की भूमिका सबसे अहम होगी। उन्होंने कहा कि भारत का भविष्य उज्ज्वल है, लेकिन इसे वास्तविकता में बदलने के लिए देश के युवाओं को आगे बढ़कर जिम्मेदारी लेनी होगी। उन्होंने छात्रों से कहा कि देश को 2047 में विकसित राष्ट्र बनाने का समय उनका होगा और वही भारत को नई ऊंचाइयों पर ले जाने वाले असली कर्ता होंगे।


विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें