कार्यक्रम का उद्घाटन मुख्यमंत्री सिद्धरमैया करेंगे। इसमें सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीश एएस बोपन्ना, कर्नाटक हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश प्रसन्ना बी. वारले, बार काउंसिल ऑफ इंडिया के अध्यक्ष मनन कुमार मिश्रा और कर्नाटक के कानून-संसदीय कार्य मंत्री एचके पाटिल मुख्य अतिथि होंगे।
कर्नाटक राज्य बार काउंसिल ने मैसुरु में 12 अगस्त से होने वाले दो दिवसीय राज्य स्तरीय अधिवक्ता सम्मेलन से उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार का नाम हटा दिया है। दरअसल, उद्घाटन सत्र के लिए मुख्य अतिथियों की आमंत्रण सूची में पहले उपमुख्यमंत्री का नाम था, जिसे संसोधित कर उनका नाम हटा दिया गया है। बार काउंसिल ने शिवकुमार के खिलाफ मामले लंबित होने और न्यायाधीशों के साथ उनके मंच साझा करने पर आपत्ति जताए जाने के बाद यह कदम उठाया है।
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मुख्यमंत्री सिद्धरमैया करेंगे उद्घाटन
कार्यक्रम का उद्घाटन मुख्यमंत्री सिद्धरमैया करेंगे। इसमें सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीश एएस बोपन्ना, कर्नाटक हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश प्रसन्ना बी. वारले, बार काउंसिल ऑफ इंडिया के अध्यक्ष मनन कुमार मिश्रा और कर्नाटक के कानून-संसदीय कार्य मंत्री एचके पाटिल मुख्य अतिथि होंगे।
इसलिए हटाया गया शिवकुमार का नाम
भाजपा विधायक और पूर्व कानून मंत्री एस सुरेश कुमार ने कर्नाटक उच्च न्यायालय के रजिस्ट्रार को पत्र लिख कर शिवकुमार के नाम पर आपत्ति जताई थी। उन्होंने कार्यक्रम के लिए सुप्रीम कोर्ट के एक न्यायाधीश, उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश और अन्य जजों के साथ शिवकुमार के मंच साझा करने का विरोध किया था। इसके बाद ही शिवकुमार का नाम हटाने का निर्णय लिया गया।
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भाजपा नेता ने किया यह सवाल
भाजपा के वरिष्ठ नेता ने सवाल किया कि क्या यह उचित है कि वह कार्यक्रम में सुप्रीम कोर्ट और हाईकोर्ट के न्यायाधीशों के साथ मंच साझा करें। दरअसल, शिवकुमार को धन शोधन के एक मामले में सितंबर 2019 में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने गिरफ्तार किया था। 50 दिन जेल में रहने के बाद उन्हें जमानत पर रिहा किया गया था।